फर्रुखाबाद। गैंगस्टर एक्ट के मामले में न्यायाधीश ने दो भाइयों सहित तीन को दोषी करार दिया। दोषियों को सजा सुनाने के लिए 10 मार्च की तारीख तय की।
तत्कालीन कमालगंज थानाध्यक्ष नासिर हुसैन ने 27 अप्रैल 2008 को ग्राम जगदीशपुर निवासी पंचमलाल, उसके भाई रामस्वरूप पुत्र वेदपाल यादव, हरीनरायन उर्फ शिवनरायन पुत्र विश्राम सिंह के खिलाफ गिरोहबंद समाज विरोधी क्रिया कलाप निवारण अधिनियम के मामले में मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें बताया था कि गैंग लीडर पंचम लाल अपने गिरोह के सदस्यों के साथ मिलकर क्षेत्र में भय व आतंक बनाए हुए है। सदस्यों के साथ मिलकर अवैध तरीके से धन अर्जित किया है। सभी के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं।
क्षेत्र में कोई भी व्यक्ति इनके खिलाफ शिकायत करने व गवाही देने को राजी नहीं होता है। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच की। विवेचक ने विवेचना पूरी कर तीनों के खिलाफ गिरोहबंद समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम के तहत न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया। मामले की सुनवाई कर रहे विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर एक्ट रितिका त्यागी ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनीं। गवाह व साक्ष्य के आधार पर पंचमलाल, रामस्वरूप, हरिनरायन को दोषी ठहराया। दोषियों को 10 मार्च को सजा सुनाई जाएगी।