फर्रुखाबाद। तहसील सदर के उपनिबंधक समेत सात लोगों के खिलाफ सीजेएम कोर्ट में अर्जी दायर की गई है। इसमें जमीन का दोबारा बैनामा होने और शिकायत के बावजूद दाखिल खारिज करने का आरोप लगाया है।
फतेहगढ़ क्षेत्र के मोहल्ला तलैया लेन इमामबाड़ा निवासी रईस खां ने नगला प्रीतम भोलेपुर निवासी अंकित, ग्वालटोली निवासी राम सिंह, इनकी पत्नी कुसुमा देवी, अमित कुमार, शहर कोतवाली के मोहल्ला दीवान मुबारक निवासी प्रमोद कुमार, मेंहदिया नगला खेमरेंगाई भोजपुर निवासी फूल सिंह व सदर तहसील के उपनिबंधक प्रद्युम्न सिंह के खिलाफ कोर्ट में अर्जी दायर की है।
इसमें रईस खां ने कहा है कि वह बाल विकास विभाग में प्रधान सहायक है और वर्तमान में फिरोजाबाद में तैनात है। नगला खेमरेंगाई स्थित जमीन कै बैनामा अंकित से 16 दिसंबर 2020 को कराया था। आरोप है कि 10 दिन बाद अंकित ने इसी भूमि का बैनामा अन्य आरोपियों के सहयोग से कुसुमा देवी के नाम कर दिया। इसकी जानकारी होने पर सदर तहसील में बैनामा निरस्त कराने के लिए उपनिबंधक को प्रार्थना पत्र दिया, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।
आरोप है कि तहसील सदर में चार जनवरी 2021 को प्रार्थना पत्र दिया, वहां भी कोई सुनवाई नहीं हुई। पांच जनवरी 2021 को कुसुमा देवी के नाम जमीन दाखिल खारिज कर दी गई। इसकी शिकायत डीएम और एसपी से भी की, लेकिन सुनवाई नहीं हुई।
22 फरवरी 2022 को वह मोहल्ला शीशमबाग से शाम करीब सात बजे लौट रहा था। दो आरोपियों ने उसको घेर लिया और जो शिकायत की थी, उनको वापस लेकर समझौता करने का दबाव बनाया। विरोध करने पर जान से मारने की धमकी देकर चले गए। अर्जी पर सुनवाई के बाद सीजेएम ने फतेहगढ़ कोतवाली पुलिस से आख्या मांगी है।