शिक्षामित्र व प्रधानाध्यापिका पर कार्रवाई की संस्तुति
फर्रुखाबाद। खंड शिक्षा अधिकारी कायमगंज ने बीआरसी पर विवाद करने वाली प्रधानाध्यापिका व तीन शिक्षामित्रों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई करने की रिपोर्ट बीएसए को भेजी है। इसमें विद्यालय में अनुपस्थित दिखाए जाने पर विवाद करने का आरोप लगाया है।
खंड शिक्षा अधिकारी कायमगंज वेगीश गोयल ने 6 अक्तूबर को विद्यालयों का निरीक्षण किया था। प्राथमिक विद्यालय रुटौल में सुबह 10.15 बजे स्कूल का मुख्य गेट खुला था। स्कूल में 15 से 20 बच्चे मौजूद थे। कोई भी शिक्षक, शिक्षामित्र व रसोइया नहीं थे। बच्चों ने बताया कि विद्यालय में एक मात्र शिक्षामित्र ममता यादव नियुक्त हैं।
उन्होंने पुस्तक लेने के लिए बुलाया था। विद्यालय के सभी कक्ष व शौचालय के गेट खुल पड़े थे। आंगनबाड़ी केंद्र के भी गेट खुले थे, लेकिन कार्यकर्ता कोई नहीं था। शिक्षामित्र को तीन बार फोन किया, लेकिन उन्होंने नहीं उठाया। इससे पूर्व भी शिक्षामित्र कई दिन अनुपस्थित रहीं। प्राथमिक विद्यालय अल्लाहपुर में निरीक्षण के समय सब ठीक मिला।
प्राथमिक विद्यालय जरारा में रमेश चंद्र शिक्षामित्र बीएलओ का कार्य करते मिले। प्रभारी प्रधानाध्यापिका नीलम यादव के उपस्थित पंजिका पर हस्ताक्षर थे, लेकिन वह विद्यालय में नहीं थीं। शिक्षामित्र रवि कांत यादव, सीमा देवी व अरविंद कुमार अनुपस्थित थे। रविकांत यादव शिक्षामित्र तीन अक्तूबर से लगातार अनुपस्थित चल रहे हैं। विद्यालय परिसर गंदा था।
वहां बताया गया कि प्रभारी प्रधानाध्यापिका कई दिनों से विद्यालय नहीं आ रही हैं। उनके पति अभिषेक कुमार प्राथमिक विद्यालय भटमई में सहायक अध्यापक हैं, वह पत्नी के स्कूल में आकर उपस्थित पंजिका पर पत्नी के हस्ताक्षर कर जाते हैं। निरीक्षण के बाद बीईओ बीआरसी पर गए और विभागीय काम करने लगे। तभी प्राथमिक विद्यालय जरारा में अनुपस्थित मिले शिक्षामित्र कार्यालय में आए अैर अनुपस्थित दिखाने पर विवाद करने लगे।
प्रधानाध्यापिका भी करीब तीन बजे कार्यालय और शिक्षामित्रों द्वारा विवाद किए जाने से स्कूल न आने की बात कही। बीईओ ने प्राथमिक विद्यालय जरारा की अनुपस्थित प्रधानाध्यापिका नीलम यादव, शिक्षामित्र रविकांत यादव, अरविंद यादव व सीमा के खिलाफ विभागीय कार्रवाई और प्राथमिक विद्यालय रुटौल की शिक्षामित्र ममता यादव का वेतन रोकने की संस्तुति कर बीएसए को रिपोर्ट भेजी है।