थाना शमसाबाद क्षेत्र के गांव रजलामई के पास मिले बंदी रक्षक के शव के मामले में पुत्री ने सेंट्रल जेल में कार्यरत दो बंदी रक्षकों के खिलाफ पिता की हत्या करने का मुकदमा दर्ज कराया है।
अर्चना पुत्री हरीओम निवासी नगला साकर थाना धमनुआ जिला बरेली हाल निवासी आवास नंबर दो सेंट्रल जेल फतेहगढ़ ने कहा कि गुरुवार की रात 11 बजे उसके पिता हरिओम मिश्रा को सेंट्रल जेल में कार्यरत बंदी रक्षक राजेंद्र प्रसाद और रामऔतार वर्मा दावत के बहाने से घर से बुला ले गए थे।
इसके बाद उनकी हत्या करके शव रजलामई के पास फेंक दिया। पुलिस ने अर्चना की तहरीर पर दोनों बंदी रक्षकों के मुकदमा दर्ज कर लिया है। मुकदमा दर्ज होने के बाद अभी तक कोई भी विवेचक सेंट्रल जेल में हत्यारोपी बंदी रक्षकों से पूछताछ करने नहीं पहुंचा है।
जेल अधीक्षक वीपी त्रिपाठी ने बताया कि आरोपी दोनों बंदी रक्षक उनके यहां कार्यरत हैं। अभी तक पुलिस ने उन्हें इस संबंध में कोई जानकारी नहीं दी है। विवेचक के लिखित देने पर बंदी रक्षकों के निलंबन की कार्रवाई की जाएगी।