फर्रुखाबाद। युवाओं को हुनरमंद बनाने का दावा राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) में हवा-हवाई साबित हो रहा है। अनुदेशकों की कमी के कारण छात्र-छात्राओं को अच्छा प्रशिक्षण नहीं मिल पा रहा है। आलम यह है कि मशीनिस्ट के अनुदेशक फिटर का, इलेक्ट्रानिक के अनुदेशक मैकेनिक का प्रशिक्षण दे रहे हैं।
आईटीआई फर्रुखाबाद में इलेक्ट्रानिक, डीजल व मैकेनिक समेत करीब 22 ट्रेडें हैं। इनमें हर वर्ष करीब 670 छात्र-छात्राओं के लिए सीटें निकलती हैं। प्रशिक्षण के लिए 66 अनुदेशकों की जरूरत है, लेकिन मौजूदा समय में सिर्फ आठ अनुदेशकों की ही नियुक्ति है। इस वजह से मशीनिष्ट के अनुदेशक फिटर तो इलेक्ट्रानिक के अनुदेशक मैकेनिक का प्रशिक्षण दे रहे हैं। इलेक्ट्रानिक मशीन, आइटी लैब व इंजीनियरिंग ड्राइंग समेत कई पदों पर एक भी अनुदेशक की तैनाती नहीं है। यही नहीं अन्य स्टाफ की भी कमी है। वर्ष 2016 से आईटीआई फर्रुखाबाद में अनुदेशक के पद पर भर्ती ही नहीं की गई है। अनुदेशकों की कमी के कारण विद्यार्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हो रहा है।
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आईटीआई फर्रुखाबाद स्टाफ
पद - संख्या - कार्यरत कर्मचारी - रिक्त पद
वरिष्ठ सहायक - 04 - 02 - 02
कनिष्ठ सहायक - 02 - 00 - 02
प्रधानाचार्य - 01 - 01 - 00
कार्यदेशक - 06 - 00 - 06
अनुदेशक - 66 - 08 - 58
भंडार परिचर - 01 - 01 - 00
भंडारी - 01 - 00 - 01
कार्यशाला परिचर - 04 - 01 - 03
चतुर्थ श्रेणी - 16 - 08 - 09
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आईटीआई में अनुदेशकों के साथ ही अन्य स्टाफ की भी कमी है। हर बार शासन को पत्र भेजकर अनुदेशकों और स्टाफ की मांग की जाती है। 66 के सापेक्ष सिर्फ आठ अनुदेशक हैं। इन्हीं से जैसे-तैसे काम लिया जा रहा है। उम्मीद है कि इस बार नवंबर या दिसंबर 2024 में आईटीआई फर्रुखाबाद को नए अनुदेशक मिल जाएं। - राजवीर सिंह, प्रधानाचार्य आईटीआई फर्रुखाबाद