फर्रुखाबाद। पहली बरसात में ही नगरपालिका के नाला सफाई की काफी मेहनत बेकार चली गई। सिल्ट निकलवाने के बाद उसे नाले के किनारों पर छोड़ देने का नतीजा यह हुआ कि पूरी सिल्ट बरसात होते ही नालों में फिर समा गई, जिससे नाले लबालब हो गए।
हाता शरीफ खां के यासीन खां का कहना है कि नगरपालिका परिषद ने मानसून आने से पहले नालों की सफाई व्यवस्था ठीक से नहीं कराई। इसका खामियाजा पालिका को नहीं बल्कि नगर क्षेत्र के रहने वाले लोगों को भुगतना पड़ रहा है। मोहल्ला हाता इस्लाम खां के पप्पू का कहना है कि पालिका ने कुछ नालों की सफाई देर से कराई और सिल्ट को नालों के किनारे पर चोड़ दिया।
बारिश में सिल्ट नालों में फिर समा गई है। मोहल्ला भीखमपुरा और तलैया फजल इमाम में तो बारिश के दिनों में लोगों का वहां रहना दुश्वार हो जाता है। अकील अहमद का कहना है कि पहली बरसात में ही पक्का पुल से लेकर नाला मछरट्टा तक टूटी फूटी सड़क में पानी भर गया। इस सड़क से स्कूल जाने वाले बच्चों तथा आम नागरिकों को निकलने में भारी परेशानी हो रही है।
उनका कहना है कि पालिका की लापरवाही से पहली बारिश में ही सिल्ट नालों में पहुंच गई। गुरुवार को मोहल्ला मदारवाड़ी, तलैया फजल इमाम, गंगा नगर, बाग कूंचा, दिल्लीख्याली कूंचा, रस्तोगी मोहल्ला समेत कई जगह घुटनों तक पानी भरा रहा।
बोले जिम्मेदार-
एकाएक बरसात होने से कुछ सिल्ट नालों में चली गई है। बची सिल्ट है उसे उठाया जा रहा है। समय मिला तो बचे हुए नालों की भी सफाई कराई जाएगी। नालों की सफाई हमेशा होती रहती है।
केपी सिंह, मुख्य सफाई निरीक्षक।
खुले नाले का गंदा पानी गलियों में घुसा ः फर्रुखाबाद। फतेहगढ़ के मोहल्ला टिलियां ग्वालटोली में बने नाले की पटिया एक माह पूर्व टूट गई थी। इसकी शिकायत जिलाधिकारी व नगरपालिका के अधिकारियों से की गई। जांच के बाद ठेकेदारों ने उसे अधूरा छोड़ दिया। न तो नाले की सफाई कराई गई और न ही उस पर पटिया डाली गई।
गुरुवार की सुबह हुई बरसात में नाला उफान मारने लगा और गंदा पानी गलियों में बहने लगा। कृष्णकुमार पांडेय का कहना है कि वह तथा मोहल्ले के अन्य लोग कई बार इस संबंध में शिकायत कर चुके हैं, लेकिन अभी तक इस ओर ध्यान नहीं दिया गया।