फर्रुखाबाद। स्वच्छ भारत मिशन की केंद्रीय टीम शहर की साफ-सफाई व्यवस्था परख रही है। लेकिन इसके बाद भी नगर पालिका के अफसर सजग नहीं हो रहे हैं। हालत यह है कि मुख्य मार्गों के किनारे कूड़े के ढेर लगे हैं, जिनसे उठ रही दुर्गंध राहगीरों को परेशान कर रही है। अन्ना मवेशी भी दिन भर जमा रहते हैं। केंद्रीय टीम की मौजूदगी के बाद भी यह स्थिति वास्तव में चिंताजनक है।
स्वच्छ भारत मिशन के तहत केंद्रीय टीम शहर में गुरुवार से पड़ताल कर रही है। इसी टीम की रिपोर्ट के आधार पर नगर पालिका को स्वच्छता के लिए रैंक दी जाएगी। इसके बाद भी शहर की साफ सफाई में मनमानी की जा रही है। स्थिति यह है कि बजरिया फील्ड में कई दिन से दो-तीन ट्राली कूड़ा पड़ा है। उसे उठाने की जरूरत नहीं समझी गई। कूड़े पर अन्ना जानवर हर वक्त जमा रहते हैं।
आसपास के मकानों में रहने वाले लोग व राहगीर बदबू से परेशान हैं। शहर से दो किमी दूर अर्रापहाड़पुर सब्जी मंडी के पास मुख्यमार्ग के किनारे कूड़ा डाला जा रहा है। इसी तरह कायमगंज बाईपास पर जसमई के पास, मसेनी चौराहे से पांचाल घाट मार्ग पर, बाग लकूला के पास, फतेहगढ़ में जिला जेल चौराहे से याकूतगंज की ओर सड़क किनारे भी कूड़े के अंबार लगे हैं।
इसके अलावा शहर के कई छोटे बड़े प्लाटों में भी कूड़ा फैला पड़ा है। पालिका के कर्मचारी डीजल बचाने के मकसद से 10 किमी दूर अमिलापुर डंपिंग स्थल तक कूड़ा नहीं पहुंचाते। यही वजह है कि स्वच्छता में नगर पालिका फिसड्डी रह जाती है।
तीन वार्डों में परखी स्वच्छता की हकीकत
स्वच्छ भारत मिशन की दिल्ली से आई चार सदस्यीय टीम ने शुक्रवार को तीन वार्डों में स्वच्छता की हकीकत परखी। टीम के कर्मचारी वार्ड 35 गुरु तेगबहादुर नगर के मोहल्ला खटकपुरा सिद्दीकी, मन्नीगंज, लिंजीगंज, गणेश प्रसाद स्ट्रीट में गए। इसके अलावा वार्ड 42 बलराम नगर के सेनापति, दिल्ली ख्याली कूंचा, हरभगत, खड़ियाई, किराना बाजार, अब्दुल मजीद, लोहाई रोड पर सफाई की हकीकत परखी।
टीम के लोगों ने वार्ड 43 में भी साफ-सफाई देखी। टीम ने शौचालय, झाड़ू, कूड़ा उठना, नाला-नाली सफाई और डंपिंग स्थल चेक किए। यही नहीं मोहल्लों के लोगों से बातचीत कर उनकी राय भी ली।