फर्रुखाबाद। जहानगंज थानाध्यक्ष, एक दरोगा और छह सिपाहियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए एक महिला ने कोर्ट में अर्जी दायर की है। इसमें आधी रात दीवार फांद कर घर में घुस कर मारपीट और जाति सूचक गाली गलौज करने के बाद जेवर व नगदी चोरी करने का आरोप लगाया है।
जहानगंज क्षेत्र के गांव गदनपुर तुर्रा निवासी रीना ने जहानगंज थानाध्यक्ष देवेश पाल, हल्का दरोगा कृष्ण नरायन यादव व छह अज्ञात सिपाहियों के खिलाफ विशेष अदालत एससी-एसटी कोर्ट में अर्जी दायर की है। इसमें कहा कि पति बलवीर ने मूूंगफली की फसल बटाई पर की है। 29 जून को फसल की रखवाली करने के लिए खेत पर थे। घर में वह, उसके दो पुत्र, दो पुत्रियां और भाई था।
रात करीब 12 बजे एसओ, दरोगा और सिपाही दीवार फांदकर घर में घुस आए। यह देखकर सभी लोग डर गए। गाली गलौज कर कहा कि तमंचा कहा रखा है। यह सुनकर तमंचा न होने की बात कही, तो सभी पुलिस कर्मियों ने कमरे में रखे बक्से व अलमारी का ताला तोड़कर सारा सामन उलट-पलट कर बाहर फेंक दिया।
अलमारी व बक्से में रखे मक्का बिक्री के 5200 रुपये, दो सोने के टॉप्स, दो पायल चोरी कर लीं। रुपये व जेवर ले जाने का विरोध करने पर पुलिस कर्मियों ने जाति सूचक गाली-गलौज कर पीटा और अपमानित किया। शोर होने पर गांव के लोग एकत्र हो गए।
यह देखकर पुलिस कर्मी झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देकर चले गए। इस घटना का वीडियो भी परिवार के सदस्य ने बनाया, जो उसके पास है। पीड़िता के अधिवक्ता प्रमोद तिवारी ने अर्जी पर दलीलें पेश कीं। सुनवाई के बाद न्यायाधीश ने जहानगंज थाने से घटना की रिपोर्ट दर्ज है या नहीं, इसकी रिपोर्ट मांगी है।