फर्रुखाबाद। गंगापार क्षेत्र में अमृतपुर, तहसील, सलेमपुर विद्युत उपकेंद्रों की 33 केवी लाइन काफी जर्जर है। गर्मियां आने वाली हैं। ऐसे में अक्सर क्षेत्र में फाल्ट के चलते बिजली गुल रहती है। विद्युत वितरण निगम अभी तक इनकी सुधि नहीं ले रहा है। अगर ऐसा ही रहा तो फिर ग्रामीणों को बिजली संकट झेलना पड़ेगा।
गंगापार क्षेत्र में राजेपुर विद्युत उपकेंद्र करीब 25 साल पहले बनाया गया था। फतेहगढ़ स्थित 132 केवी विद्युत उपकेंद्र से 33 केवी लाइन खींची गई थी। इसके बाद अमृतपुर, सलेमपुर और तहसील विद्युत उपकेंद्र का निर्माण हुआ। इन चारों उपकेंद्रों की लाइन को राजेपुर की 33 केवी की लाइन से जोड़ दिया गया था।
राजेपुर से निकली पुरानी लाइन फिर भी ठीक है लेकिन बाद में बने अमृतपुर, सलेमपुर, तहसील उपकेंद्रों की लाइन काफी जर्जर हो चुकी है। इस लाइन में कहीं फाल्ट आने पर चारों उपकेंद्र प्रभावित होते हैं। इनसे करीब 300 गांवों को बिजली दी जाती है। यह समस्या कई साल से बनी है।
फर्रुखाबाद। विद्युत उपकेंद्रों की गांवों तक बनी 11 केवी लाइन में एक पोल से दूसरे पोल के बीच 60 से 70 मीटर की दूरी है। कई जगह यही स्थिति होने से तार गांव में झूल रहे हैं। यह खेतों के ऊपर से निकले हुए हैं। इन तारों को ऊंचा करने के लिए बीच में पोल लगाने का काम भी नहीं कराया गया। गर्मी में तेज हवा चलने पर तार आपस में टकराते हैं, जिससे किसानों की फसलों में आग लगती है।
‘केंद्र सरकार की रिवैंम योजना शुरू होने जा रही है। इसमें गंगापार क्षेत्र के गांव सरह में विद्युत उपकेंद्र व एक और 33 केवी की नई लाइन बनाने का प्रस्ताव पास हो गया है। शासन से अनुमोदन होने के बाद काम शुरू होगा। नई लाइन बनने से फाल्ट पर सभी उपकेंद्र बंद होने की समस्या समाप्त हो जाएगी। योजना में अन्य भी काम होंगे।’
सुरेंद्र कुमार, अधिशासी अभियंता विद्युत ग्रामीण खंड