फर्रुखाबाद। कलक्ट्रेट के सामने स्थित ब्रिटिशकालीन राजकीय इंटर कॉलेज फतेहगढ़ की दूर-दूर तक ख्याति रही है। दूसरे जिलों से भी छात्र यहां पढ़ने आते थे। यहां से पढ़कर निकले कई छात्रों ने नाम कमाया। कुछ ऐसी ही पहचान पीएमश्री महीयसी महादेवी वर्मा राजकीय बालिका इंटर कॉलेज की भी रही लेकिन यहां प्रवक्ताओं के अधिकांश पद खाली होने से विद्यार्थियों के भविष्य से खिलवाड़ किया जा रहा है।
राजकीय इंटर कॉलेज बढ़पुर फतेहगढ़ में नौ विषयों की इंटरमीडिएट की कक्षाएं चलती हैं लेकिन इन सभी नौ विषयों में प्रवक्ता के पद खाली हैं। कक्षा छह से दसवीं तक की पढ़ाई के लिए सहायक अध्यापक के कुल 31 पद हैं, जबकि केवल छह शिक्षक कार्यरत हैं। दोनों श्रेणियों में शिक्षकों के कुल 40 पदों के सापेक्ष छह शिक्षक ही हैं। यहां चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के 12 पदों में से तीन ही कार्यरत हैं।
पीएमश्री विद्यालय महादेवी वर्मा राजकीय बालिका इंटर कॉलेज में कक्षा 11 व 12 में पढ़ाने के लिए महत्वपूर्ण विषयों गणित, अंग्रेजी, भौतिक विज्ञान, जीवविज्ञान सहित 13 विषयों में प्रवक्ता के पद खाली हैं। केवल रसायन विज्ञान व इतिहास में ही प्रवक्ता का पद भरा है। सहायक अध्यापक के 27 पदों में 12 पर ही शिक्षक कार्यरत हैं।
पीटीए से चल रहा काम
-सह जिला विद्यालय निरीक्षक व राजकीय इंटर कॉलेज फतेहगढ़ के प्रभारी प्रधानाचार्य एपी सिंह का कहना है कि शिक्षकों की कमी से समस्या तो है, फिर भी अभिभावक-अध्यापक संघ (पीटीए) से शिक्षक रखकर रिक्त पद वाले विषयों की पढ़ाई कराई जा रही है। इन शिक्षकों को पढ़ाने के एवज में पीटीए के फंड से मानदेय दिया जाता है। उन्होंने बताया कि दसवीं तक की पढ़ाई के लिए कार्यरत जो सहायक अध्यापक परास्नातक हैं, उन शिक्षकों से संबंधित विषयों में कक्षा 11 व 12 के छात्रों की भी पढ़ाई कराई जा रही है।
दस राजकीय कॉलेजों में किसी को भी ए ग्रेड नहीं
फिसड्डी रहे राजकीय इंटर कॉलेज कनकापुर को मिला सी ग्रेड
राजेपुर का कुम्हरौर व कमालगंज का हिसामपुर जिले में सबसे आगे
फर्रुखाबाद/कमालगंज। दस राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में किसी भी कॉलेज को ए ग्रेड नहीं मिल पाया। जबकि, राजेपुर ब्लाक का पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय मॉडल इंटर कॉलेज कनकापुर फिसड्डी रहकर सी श्रेणी में पहुंच गया।
माध्यमिक शिक्षा विभाग उत्तर प्रदेश की ओर से परख के अंतर्गत राजकीय हाईस्कूलों व इंटर कॉलेजों का मूल्यांकन कर श्रेणीकरण (ग्रेडिंग) किया जाता है। सबसे अच्छे विद्यालयों को ए+ ++( 7- स्टार), उसके बाद ए+ (6- स्टार) और फिर ए+ (5- स्टार) श्रेणी दी जाती है। जिले के दस राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में से कोई भी विद्यालय ए+ श्रेणी में शामिल नहीं हो सका। वहीं, नौ विद्यालय बी (4- स्टार) श्रेणी में जरूर शामिल हैं।
200 अंकों के आधार पर की गई ग्रेडिंग में बी श्रेणी में रहकर भी राजेपुर ब्लाक के राजकीय हाईस्कूल कुम्हरौर ने जिले में सबसे अधिक 144.82 अंक हासिल किए हैं। 139.93 अंक के साथ जिले में दूसरा नंबर कमालगंज ब्लाक के राजकीय उच्चीकृत माध्यमिक विद्यालय हिसामपुर ने हासिल किया। बी श्रेणी पाने वाले अन्य विद्यालयों में फतेहगढ़ के महीयसी महादेवी वर्मा राजकीय बालिका इंटर कॉलेज को 133.16, गवर्नमेंट इंटर कॉलेज बढ़पुर को 134.20, पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय मॉडल इंटर कॉलेज रोशनाबाद शमसाबाद को 127.39, राजकीय उच्चीकृत माध्यमिक विद्यालय बिहार मोहम्मदाबाद को 136.06, रामदर्शिनी राजकीय इंटर कॉलेज भटासा नवाबगंज को 131.76, राजकीय बालिका इंटर कॉलेज राजेपुर को 138.11, गवर्नमेंट इंटर कॉलेज बढ़पुर फर्रुखाबाद को 138.22 अंक हासिल हुए। सबसे फिसड्डी सी (3-स्टार) श्रेणी में रहे राजकीय मॉडल इंटर कॉलेज कनकापुर को मात्र 117.01 अंक मिला। (संवाद)