तहसीलदार की डिवाइस न होने के कारण आय व जाति प्रमाण पत्र नहीं बन पा रहे हैं। करीब 14 हजार से ज्यादा आय व जाति प्रमाण पत्र लटक गए हैं। छात्र-छात्राओं को वजीफा फार्म में आय व जाति प्रमाण पत्र लगाने के लिए भटकना पड़ रहा है। अधिवक्ताओं ने समस्या का शीघ्र निस्तारण किए जाने की मांग जिलाधिकारी से की है।
करीब एक माह तक लेखपालों की हड़ताल के चलते आय, जाति व मूल निवास प्रमाण पत्र का कार्य प्रभावित रहा। 23 सितंबर को हड़ताल समाप्त हुई। इसके बाद भी आय व जाति प्रमाण पत्र जारी नहीं हुए।
14 सितंबर को तहसीलदार आरपी चौधरी के स्थानांतरण होने के बाद से अभी तक किसी की तैनाती न होने व उनके स्थान पर किसी को चार्ज न देने के चलते तहसीलदार की डिवाइस का पेंच फंस गया है। इसके चलते आय व जाति प्रमाण पत्र नहीं बन पा रहे हैं।
स्वान कक्ष में तैनात तहसील कर्मियों ने इस संबंध में नायब तहसीलदार चूणामणि को अवगत करा दिया है लेकिन उन्होंने भी इसका कोई विकल्प नहीं बताया है। मंगलवार को तहसील में आय प्रमाण पत्र बनवाने आईं अंजलि, दीक्षा, दीपिका, सुधांशु और मुकेश कुमार आदि छात्र-छात्राओं का कहना था कि 30 सितंबर को वजीफा फार्म भरने की अंतिम तिथि है लेकिन अभी तक उन लोगों के आय प्रमाण पत्र जारी नहीं हो सके हैं।
उधर, तहसील अधिवक्ता जर्नादनदत्त राजपूत, अजय प्रताप सिंह, रविनेश यादव, अनुराग तिवारी आदि का कहना है कि उप जिलाधिकारी से इस समस्या के निस्तारण के लिए कहा गया लेकिन उन्होंने कोई ध्यान नहीं दिया।