बीकापुर। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बीकापुर में भर्ती होने वाली प्रसूताओं का भोजन और नाश्ता शुक्रवार से फिर शुरू कर दिया गया है। अस्पताल में भोजन व नाश्ता न मिलने की खबर अमर उजाला ने प्राथमिकता के साथ प्रकाशित की थी।
बताया गया कि अस्पताल में प्रसव के बाद भर्ती होने वाली महिलाओं को शासन से सुबह ब्रेड और दूध के अलावा सुबह-शाम दोनों वक्त संतुलित भोजन दिए जाने का निर्देश है। बावजूद इसके अस्पताल में सात फरवरी से योजना का संचालन ठप हो गया था। अस्पताल में भोजन और नाश्ता न मिलने से प्रसव के बाद महिलाओं के लिए उनके परिजन और तीमारदार खुद अपने पास से भोजन और दूध-नाश्ते की व्यवस्था कर रहे थे।
जानकारी करने पर मालूम हुआ कि जिले से अस्पताल में भोजन और नाश्ते की व्यवस्था का टेंडर लेने वाले ठेकेदार से बीकापुर में भोजन की व्यवस्था के लिए बीकापुर निवासी गरीब महिला मीरा देवी को जिम्मेदारी दी गई थी। मीरा देवी अस्पताल में भर्ती होने वाली प्रसूताओं के लिए भोजन और नाश्ते की व्यवस्था करती थी। बाद में पेमेंट रोक देने से उन्होंने अस्पताल में प्रसूताओं को भोजन और नाश्ता देना बंद कर दिया।
मीरा देवी ने बताया कि ठेकेदार से करीब 7000 रुपये का पेमेंट नहीं किया गया है। आर्थिक तंगी के चलते भोजन नहीं दे पा रही थी। आठ अप्रैल को खबर प्रकाशित होने के बाद अस्पताल प्रशासन हरकत में आया। प्रसूता भर्ती वार्ड में शुक्रवार से भोजन और नाश्ते की व्यवस्था शुरू करा दी गई है। अधीक्षक डॉ. अवधेश कुमार सिंह ने बताया कि बीच में कुछ समस्या आई थी लेकिन अब एडमिट होने वाली महिलाओं को भोजन और नाश्ता मिल रहा है।