मास्टर माइंड ने उगले राज, कई अन्य निशाने पर
फैजाबाद। सेना में भर्ती कराने के नाम पर फर्जी नियुक्ति पत्र जारी कर युवाओं से ठगी करने वाले गैंग के मास्टर माइंड से पूछताछ में मिलिट्री इंटेलिजेंस और वाराणसी व लखनऊ एसटीएफ की टीम को अहम जानकारियां मिली हैं। उससे कैंट स्थित मिलिट्री इंटेलिजेंस ऑफिस में पूछताछ की जा रही है।
मिलिट्री इंटेलिजेंस के सूत्रों के अनुसार पकड़ा गया आरोपी बिहार के भोजपुर जिले के चरपोखरी थाना क्षेत्र के बलबाध निवासी पंकज शर्मा स्वयं को आर्मी में सूबेदार मेजर बताता था। जो वाराणसी के निरालानगर सिगरा शिवपुर इलाके में किराये के मकान में रहता है। यह युवकों को सेना में सीधी भर्ती कराने के नाम पर मोटी रकम वसूल करता था। जबकि सेना में ऐसी कोई पोस्ट नहीं है, जिसकी सीधी भर्ती होती है। गिरोह के लोग रकम वसूल कर बेरोजगार युवकों को फर्जी नियुक्ति पत्र भी जारी करते थे। ऐसा ही मामला बीते दिनों वाराणसी में सामने आया तो सक्रिय हुई एसटीएफ ने फैजाबाद स्थित मिलिट्री इंटेलिजेंस के हेड क्वार्टर से संपर्क स्थापित किया। जांच चल ही रही थी कि एक अन्य प्रकरण सुल्तानपुर जिले में सामने आया। जब सभी फोन नंबरों की जांच की गई तो सभी नंबर एक ही व्यक्ति के मिले। सर्विलांस सेल की मदद से एसटीएफ लखनऊ व एसटीएफ वाराणसी की टीम ने मिलिट्री इंटेलिजेंस की टीम के साथ आरोपी युवक को बुधवार को गिरफ्तार कर लिया। उसके पास से तीन फर्जी नियुक्ति पत्र, पिस्टल, फर्जी मुहर, सेना की वर्दी आदि सामान मिला है। गिरफ्तार युवक को बृहस्पतिवार को मिलिट्री इंटेलिजेंस के हेड क्वार्टर लाकर पूछताछ की गयी तो गिरोह में अन्य कई लोगों के शामिल होने की बात सामने आई। मिलिट्री इंटेलिजेंस सूत्रों के अनुसार स्थानीय थाने पर युवक के खिलाफ कोई मामला न बनने पर उसे वाराणसी एसटीएफ को ही सुपुर्द किया गया। एसपी सिटी अनिल सिंह सिसोदिया ने बताया कि मामले में वाराणसी एसटीएफ के जिले में आने की जानकारी मिली थी। प्रकरण अन्य जिले से संबंधित था, इसलिए प्रकरण की वास्तविक जानकारी नहीं मिल सकी।