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मगरमच्छ ने बनाया मोर को निवाला, दूसरे को मरणासन्न किया

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मगरमच्छ के हमले में घायल मोर के साथ ग्रामीण - फोटो : ETAWAH
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चकरनगर। क्षेत्र के कुदौल गांव में बस्ती के बीच स्थित तालाब में डेरा जमाए मगरमच्छों ने शुक्रवार को राष्ट्रीय पक्षी मोर को अपना निवाला बना लिया। जबकि, ग्रामीणों के शोर मचाने पर मगरमच्छ दूसरे मोर को मरणासन्न हालत में छोड़कर तालाब में चला गया।
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ग्रामीणों के अनुसार शुक्रवार की सुबह तालाब के किनारे मोर अपने कुनबे के साथ खाना तलाश कर रही थे। इस दौरान तालाब से मगरमच्छ बाहर निकले और मोरों की तरफ दौड़ पड़े।
यह देख जब तक ग्रामीण मोरों को बचाने के लिए तालाब की तरफ भागे, एक मगरमच्छ मोर को तालाब के भीतर खींच कर ले गया। जबकि, उन लोगों के शोर मचाने पर दूसरे मोर को मगरमच्छ मरणासन्न हालत में छोड़कर वापस तालाब में चला गया।
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मोर के घायल होने की सूचना पर सेंच्युअरी प्रशासन के वन दरोगा विष्णु पाल सिंह चौहान मौके पर पहुंचे और घायल मोर का उपचार किया। उन्होंने ग्रामीणों को सतर्कता बरतने के लिए कहा है।
गांव के सनी, कोमल, संजय सिंह, कृपाल सिंह, मनुआ, वीरेंद्र पंडित आदि ने बताया कि एक वर्ष से अधिक समय से तीन मगरमच्छ गांव के तालाब में डेरा जमाए हुए। इनमें दो बड़े और छोटा है।
इसके पहले भी मगरमच्छ कई बकरियों व बकरों को अपना निवाला बना चुके हैं। मगरमच्छों के चलते गांव के लोगों को रात-दिन सतर्क रहना पड़ता है। रात के वक्त लोग छत या किसी ऊंचे स्थान पर बैठकर तालाब में डेरा जमाए मगरमच्छों की निगरानी करने को मजबूर हैं।
यह मगरमच्छ कई बार तालाब से निकलकर गाय-भैंसों के तबेलों तक आ जाते हैं। कई बार इसकी सूचना चंबल सेंच्युअरी के कर्मचारी को दी गई, लेकिन तालाब से उन्हें रेस्क्यू नहीं किया गया। ऐसे में किसी दिन बड़ा हादसा हो सकता है।
मगरमच्छों के रेस्क्यू के लिए प्रयास किया गया, लेकिन जगह अनुकूल न होने के कारण सफलता नहीं मिली है। जल्दी ही मगरमच्छों को रेस्क्यू करके प्राकृतिक वास के लिए चंबल नदी में छोड़ दिया जाएगा। ग्राम प्रधान से तालाब का पानी खाली कराए जाने के लिए भी कहां गया है । ताकि मगरमच्छों के रेस्क्यू करने में आसानी हो सके। - हरि किशोर शुक्ला, सेंचुरी क्षेत्राधिकारी चकरनगर
गांव के बीचो-बीच स्थित तालाब में मगरमच्छ होने से ग्रामीणों को समस्या हो रही है। सेंच्युअरी प्रशासन को मगरमच्छों के रेस्क्यू के लिए लिखा गया है। जल्द ही तालाब से मगरमच्छों का रेस्क्यू करवाया जाएगा। - सत्यप्रकाश, एसडीएम चकरनगर

इसी तालाब में मोर को मगरमच्छ ने किया घायल- फोटो : ETAWAH

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