बकेवर। त्योहारी सीजन से पहले ही बाजार में खाद्य पदार्थों के दाम बढ़ने लगे हैं। स्थानीय बाजारों में वनस्पति घी और रिफाइंड 20 रुपये प्रति लीटर तक महंगा हुआ है। सरसों के तेल का भाव भी पांच रुपये प्रति लीटर बढ़ा है।
दुकानदारों का कहना है कि थोक में ही माल महंगा मिल रहा है। इसलिए खुले बाजार में महंगा बेचना मजबूरी है। होली तक अभी और दाम बढ़ने की आशंका है। 140 रुपये में मिलने वाला रिफाइंड तेल और वनस्पति घी 160 रुपये में पहुंच गया है। सरसों का तेल 170 से 175 रुपये में मिल रहा है। लखना निवासी दुकानदार भगवान दास डबलू गुप्ता ने बताया कि छह दिन पहले अचानक वनस्पति के दाम कंपनियों ने बढ़ा दिए हैं। 20 रुपये प्रति लीटर तक वनस्पति महंगा हुआ है। कंपनियों से महंगा मिलने के कारण ही खुले बाजार में वनस्पति महंगा बेचा जा रहा है। बकेवर निवासी दुकानदार संपूर्णानंद ने बताया कि वनस्पति महंगा होने का असर बाजार पर भी पड़ रहा है। शादी वाले घरों में तो वनस्पति खरीदा जा रहा है, लेकिन आम आदमी अपने बजट में कटौती करता दिख रहा है। बिक्री पर भी असर पड़ा है।
ग्राहक मनोज ने कहा कि होली के त्योहार से पहले ही बाजार में महंगाई दिखने लगी है। घरों में आमतौर पर वनस्पति, रिफाइंड और सरसों के तेल का प्रयोग होता है। तीनों महंगे होने से रसोई के बजट पर असर पड़ेगा। अरुण कुमार ने कहा कि महंगाई लगातार बढ़ती जा रही है। कभी सब्जी, कभी राशन तो कभी वनस्पति महंगा हो जाता है। महंगाई का सबसे ज्यादा असर आम आदमी पर ही पड़ता है। त्योहार पर महंगाई और अधिक बढ़ेगी।