मैनपुरी। नवरात्र के तीसरे दिन शनिवार को जिले भर में सुबह माता के तीसरे स्वरूप चंद्रघंटा की पूजा अर्चना की गई वहीं शाम को माता के चौथे स्वरूप कूष्मांडा की पूजा अर्चना हुई। इस दौरान जिले के प्रसिद्ध मंदिरों में माता के भक्तों की भीड़ रही। जगह-जगह स्थापित माता के पंडालों में सुबह शाम माता के जयकारे गूंजत रहे।
नवरात्र के तीसरे दिन सुबह से ही माता के मंदिरों में भक्तों की भीड़ दिखाई दी। माता के भक्तों ने घरों और माता के मंदिरों में विधि विधान के साथ माता चंद्रघंटा की पूजा अर्चना की गई। शहर के प्रसिद्ध शीतला देवी मंदिर पर पहुंचे भक्तों ने माता के मंदिर में पहुंचकर सुबह माता चंद्रघंट और शाम को माता कूष्मांडा की पूजा अर्चना की। महाकाली मंदिर में भी सुबह से लेकर देर रात तक भक्तों की भीड़ देखी गई। जिले के कई स्थानों पर पंडाल सजाकर माता की प्रतिमाओं की स्थापना की गई है। माता की इन पंडालों में सुबह शाम आयोजित होने वाले आरती कार्यक्रम में बड़ी संख्या में भक्त शामिल हो रहे हैं। कई स्थानों पर शुक्रवार की रात माता के भक्तों ने कीर्तन आदि कार्यक्रम आयोजित किए। गांव रठेरा में स्थापित माता के पंडाल में देर रात तक माता के गीत गाए जाते रहे।