एटा। यूपी बोर्ड की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षा नकल विहीन कराने के लिए शासन जोर दे रहा है। इस साल होने वाली बोर्ड परीक्षा से पहले पुरानी परीक्षाओं के काले चिट्ठों पर भी नजर दौड़ाई जा रही है। इस संबंध में शासन ने जिला विद्यालय निरीक्षक से साल 2005 में नकल कराने वाले परीक्षा केंद्रों की सूची मांगी है।
बोर्ड परीक्षाओं में नकल के मामले में एटा बदनाम रह चुका है। वर्ष 2005 में यहां से सामूहिक नकल की शिकायतों की गूंज शासन स्तर तक पहुंची थी। इस पर पूर्व में कार्रवाई भी हुईं। एक बार फिर बोर्ड परीक्षा से पहले स्थिति का आकलन किया जा रहा है।
हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षा जिले के 92 परीक्षा केंद्रों पर 18 फरवरी से होंगी। माध्यमिक शिक्षा परिषद के सचिव भगवती सिंह ने जिला विद्यालय निरीक्षक डॉ. इंद्रजीत को पत्र भेजते हुए साल 2005 में नकल कराने वाले परीक्षा केंद्रों की सूची मांगी है, जिससे उन पर विभागीय कार्रवाई की जा सके। जिला विद्यालय निरीक्षक डॉ. इंद्रजीत सिंह ने बताया कि इस संबंध में साल 2005 के परीक्षा केंद्रों की सूची तैयार कराई जा रही है। जल्दी यह सूचना शासन को भेज दी जाएगी। उन्होंने बताया कि अभी तक 6 विद्यालयों के नाम डिबार सूची में शामिल हैं। इन डिबार विद्यालय के शिक्षकों की किसी भी परीक्षा केंद्र पर ड्यूटी नहीं लगाई जाएगी।