उत्तर प्रदेश के एटा में इन दिनों बुखार का प्रकोप चल रहा है। प्रतिदिन डेंगू के मामले मेडिकल कॉलेज में सामने आ रहे हैं। मंगलवार को दो बुखार पीड़ितों को जांच में डेंगू निकला। जबकि, मेडिसिन विभाग में 300 मरीज बुखार के पहु़ंचे। मंगलवार को यहां 523 मरीजों का उपचार किया गया।
सोमवार को दोपहर 12 बजे तक मेडिकल कॉलेज में ओपीडी की सेवाएं दी गईं थी। मंगलवार की सुबह 8 बजे ओपीडी खुली तो बड़ी संख्या में मरीज जा पहुंचे। पर्चा काउंटर पर मरीजों की छह लाइनें लगी थी। पुरुषों की लाइन गेट के बाहर तक रही। पर्चा बनवाने के बाद मरीज चिकित्सकों के कक्षों के बाहर जाकर लाइन में खड़े हो गए। यहां दो बजे तक 2000 मरीजों के नए पर्चा बनाए गए।
सर्वाधिक भीड़ त्वचा सहित मेडिसिन विभाग में रही। मेडिसिन विभाग में दो कक्षों में चारे चिकित्सकों ने मरीजों का उपचार किया। बताया कुल 523 मरीज ओपीडी में आए है। 300 के करीब मरीज बुखार के पहु़ंचे। बताया वायरल बुखार के मरीजों की संख्या अधिक रही। इसमें अलावा पेट सहित अन्य बीमारियों से ग्रसित मरीज रहे।
मंगलवार को मेडिसिन वार्ड में मलावन निवासी 30 वर्षीय रश्मी को डेंगू के चलते भर्ती किया गया। बताया एक सप्ताह से बुखार आ रहा था। वार्ड में शीतलपुर निवासी 17 वर्षीय करीना को भर्ती किया गया। इनको भी जांच में डेंगू की पुष्टि हुई। बताया 15 दिन से बुखार आ रहा था। प्राइवेट में उपचार चल रहा था। कोई फायदा न होने पर मंगलवार को यहां लेकर आए।
एक ही परिवार के चार बच्चों को बुखार
गांव निनावली में एक ही परिवार के चार बच्चे बुखार से ग्रसित है। मंगलवार को तनू को मेडिकल वार्ड के बच्चा वार्ड में भर्ती किया गया। जबकि तीन बच्चे अर्पति, अनू व रश्मी को भी परिजन वार्ड में भर्ती कराने के लिए लेकर आए। परिजन ने बताया 5 दिन से सभी को बुखार आ रहा है।