एटा। दो वर्ष से जम्मू-कश्मीर के विद्यार्थी जिले में अध्ययन करने नहीं आ रहे। पूर्व वर्षों में हर वर्ष दर्जनों कश्मीरी छात्र-छात्राएं निधौली कलां स्थित अल्पसंख्यक संस्था माध्यमिक एवं महाविद्यालय में कृषि, विज्ञान वर्ग की शिक्षा एवं बीएड आदि की शिक्षा के लिए आते थे। शासन द्वारा स्कूलों से मांगी गई जम्मू-कश्मीर एवं पूर्वोत्तर राज्यों से आने वाले छात्र-छात्राओं की सूचना के तहत जिले में ऐसे विद्यार्थियों की संख्या शून्य है।
प्रदेश सरकार के अल्पसंख्यक कल्याण एवं वक्फ बोर्ड ने जिले में संचालित किसी भी बोर्ड के माध्यमिक विद्यालय में जम्मू-कश्मीर एवं पूर्वोत्तर राज्यों के मूल निवासी छात्र-छात्राओं का ब्योरा जिला प्रशासन से मांगा है। जिला विद्यालय निरीक्षक मिथिलेश कुमार ने प्रधानाचार्यों को आदेश जारी कर निर्धारित प्रारूप पर इन प्रांतों के छात्र-छात्राओं की सूचनाएं सोमवार तीन बजे तक उपलब्ध कराने के निर्देश दिए थे। उन्होंने बताया कि इस वर्ष जिले में इन प्रांतों के छात्र-छात्राओं की संख्या शून्य रही है। बीते वर्ष से जिले में कोई भी जम्मू-कश्मीर का छात्र नहीं आया है।