एटा। जलेसर थाना क्षेत्र में करीब सात साल पहले घटना हुई। रिंकू निवासी नरहुली ने पांच साल की बच्ची के साथ दुष्कर्म करने की कोशिश की। मंगलवार को विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट नरेंद्र पाल राणा ने फैसला सुनाया। रिंकू को सात साल की सजा से दंडित करने का आदेश दिया है।
थाने में बच्ची के नाना ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी। बताया कि छोटी पुत्री की पुत्री उनके पास ही रह रही थी। घटना के समय वह 5 साल की थी और एलकेजी में पढ़ती थी। 23 नवंबर 2018 को वह अपने चबूतरे पर खेल रही थी। तभी रिंकू वहां आया और बच्ची को उठाकर छत पर ले गया। कुछ देर बाद जब बच्ची की रोने की आवाज सुनाई दी तो छत पर गए, तभी रिंकू वहां से भगा गया। बच्ची ने बताया कि रिंकू ने उसके साथ गलत काम करने की कोशिश की। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज करने के बाद विवेचना कर रिंकू के खिलाफ आरोपपत्र न्यायालय में पेश कर दिया।
अदालत में दोनों पक्षों की सुनवाई पूरी होने के बाद रिंकू को दोषी पाया। अदालत ने उसे सात साल के कठोर कारावास और 25 हजार रुपये अर्थदंड से दंडित करने का आदेश दिया। आधी धनराशि पीड़िता को बतौर प्रतिकर दी जाएगी। अर्थदंड अदा न करने पर उसे दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।