फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

निजी क्लीनिक पर प्रसव के दौरान गर्भवती की मौत

विज्ञापन
विज्ञापन
एटा। आशा कार्यकर्ता ने एक गर्भवती को निजी चिकित्सक के क्लीनिक पर लालच में भर्ती करा दिया। यहां प्रसव के दौरान उसकी मौत हो गई। महिला के पति ने आशा कार्यकर्ता के खिलाफ तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराया है।
विज्ञापन

थाना मलावन क्षेत्र के गांव उमरायपुर निवासी आरती (25) पत्नी सुरेंद्र सिंह की मौत सोमवार देर रात हुई। सुरेंद्र ने गांव की ही आशा कार्यकर्ता विनीता के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। आरोप कि विनीता से सरकारी अस्पताल ले जाने के लिए कहा था, लेकिन उसने एक निजी क्लीनिक पर पत्नी को प्रसव के लिए भर्ती करा दिया। यहां ठीक से उपचार नहीं किया गया और लापरवाही के चलते पत्नी की मौत हो गई।
शिकोहाबाद रोड स्थित क्लीनिक पर थी भर्ती
मृतका के पति ने बताया कि शहर के शिकोहाबाद रोड स्थित एक गली में निजी क्लीनिक संचालित हो रहा है। वहां पर आशा हम लोगों को लेकर गई थी। क्लीनिक संचालक ने पत्नी को भर्ती कर उपचार शुरू कर दिया।
विज्ञापन

लालच में निजी क्लीनिकों पर ले जाती हैं आशाएं
आशा कार्यकर्ता गर्भवती महिलाओं को सरकारी अस्पताल ले जाने की बजाय निजी क्लीनिक और अस्पतालों में लालच में ले जाती हैं। जहां सरकारी योजना से ज्यादा पैसा आशा कार्यकर्ताओं को मिल जाता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें