फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अभी तो ली अंगड़ाई है, आगे और लड़ाई है, लेखपाल घेरेंगे विधानसभा- दिन प्रतिदिन मुखर होते जा रहे हैं लेखपालों के स्वर

विज्ञापन
कलक्ट्रेट पर धरने के दौरान प्रदर्शन करते लेखपाल - फोटो : ETAH
विज्ञापन
कासगंज। मांगों को लेकर जिद पर अड़े लेखपाल प्रशासनिक कार्रवाई से झुकने को तैयार नहीं है। जैसे-जैसे प्रशासन लेखपालों पर कार्रवाई करता जा रहा है। लेखपालों का आक्रोश बढ़ता ही जा रहा है। लेखपालों ने गुरुवार को भी कलक्ट्रेट पर धरना दिया। नारेबाजी करते हुए कहा कि अभी तो ली अंगड़ाई है आगे और लड़ाई है। आह्वान किया कि आगामी दिनों में विधानसभा घेराव के लिए एकजुटता का परिचय दें।
विज्ञापन

प्रशासनिक कार्रवाई को उत्पीड़नात्मक बताते हुए लेखपालों ने संघर्ष के लिए संघर्ष समिति गठित की है। यह समिति अब प्रशासन की कार्रवाई का विरोध कर रही है। लेखपाल अपनी मांगों को लेकर डटे हुए हैं। शासन स्तर पर लेखपाल संघ के प्रदेश अध्यक्ष के खिलाफ हुई टर्मिनेट की कार्रवाई के बाद लेखपालों में और भी आक्रोश बढ़ गया है।
लेखपाल संघ के जिलाध्यक्ष सोवेंद्र बाबू यादव ने कहा कि प्रशासन चाहे जो भी कार्रवाई करे लेखपालों की मांगे जब तक पूरी नहीं होगी हड़ताल चलती रहेगी। उन्होंने सभी लेखपालों से अपील की है कि अपनी 8 सूत्री मांगों को लेकर एकजुट रहें और आंदोलन करते रहें। लेखपाल संघ के जिला सचिव सुदीप चौहान ने कहा कि 26 दिसंबर तक जिला स्तर पर धरना दिया जाएगा और 27 दिसंबर से विधानसभा का घेराव किया जाएगा। सभी लेखपाल साथी विधानसभा घेराव के लिए तैयार रहें। प्रशासन की कार्रवाई से न डरें। उन्होंने कहा कि अन्य कर्मचारी संगठनों का भी उन्हें समर्थन मिल रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें