एटा। कोरोना के मद्देनजर विस चुनाव के लिए तैयारियों के नए मानक बनाए जा रहे हैं। एक बूथ पर 1200 मतदाताओं की सीमा तय की गई है। जिले में 39 बूथ (मतदेय स्थल) ऐसे हैं, जिन पर मतदाता इससे अधिक हैं। इन्हें दूसरे बूथ पर समायोजित करने या नए बूथ बनाने के लिए कवायद की जाएगी।
चुनाव के दौरान दो मौकों पर अधिक भीड़ होती है। मतदान और मतगणना में भीड़ को नियंत्रित करने के लिए उच्च स्तर से मंथन चल रहा है। मतगणना के लिए जहां टेबिलों में दूरी बनाने के निर्देश दिए जा चुके हैं। वहीं मतदान के लिए बूथों पर मतदाताओं की संख्या घटाने की माथापच्ची चल रही है। आयोग के निर्देश पर अब एक बूथ पर 1200 मतदाताओं के नाम ही शामिल किए जाएंगे। जबकि पूर्व में यह संख्या 1400 की थी। जिले के 39 बूथों पर 1200 से अधिक मतदाताओं के नाम दर्ज हैं। यह देखा जा रहा है कि मतदान केंद्र में कितने बूथ हैं। यदि दो-तीन बूथों के बीच किसी पर 1200 से अधिक और किसी पर इससे कम मतदाता हैं तो उन्हें आपस में समायोजित किया जा सकता है। ऐसी संभावना न होने पर नया बूथ बनाना पड़ेगा।