एटा। थाना सकीट क्षेत्र के गांव रेवाड़ी में जमीन को लेकर चार भाइयों ने 14 साल पहले जानलेवा हमला कर हत्या करने की कोशिश की थी। इस मामले की सुनवाई के बाद सोमवार को चारों भाइयों को दोषी मानते हुए अदालत ने पांच-पांच वर्ष के कारावास और अर्थदंड से दंडित करने का आदेश दिया है।
अपर सत्र न्यायाधीश नरेंद्र कुमार सिंह की अदालत में सोमवार को इस मामले में आदेश सुनाया गया। न्यायाधीश के समक्ष आरोपियों को सजा दिलाने के लिए एडीजीसी क्रिमिनल कुसुम तोमर और नीलिमा चौहान की ओर से बहस की गई। दोनों सहायक शासकीय अधिवक्ताओं की पैरवी और साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने कोतवाल सिंह, थान सिंह, छोटेलाल और सुनील कुमार पुत्रगण सौदान सिंह निवासी गांव रेवाड़ी थाना सकीट को हत्या की कोशिश का दोषी ठहराया।
चारों को पांच-पांच वर्ष के कारावास और 10-10 हजार के अर्थदंड की सजा सुनाई। सहायक शासकीय अधिवक्ता ने बताया कि पांच दिसंबर 2007 को इन चारों भाइयों ने जमीन को लेकर गांव के ही हेमसिंह को गोली मारकर घायल कर दिया था। इस मामले का मुकदमा घायल के चचेरे भाई गणेश कुमार पुत्र आराम सिंह ने दर्ज कराया था।