एटा। रक्षाबंधन पर बंदियों को राखी बांधने जेल पहुंचने वाली बहनों के लिए विशेष इंतजाम किए गए। जिला कारागार परिसर में बाहर बैरिकेडिंग लगाई गई। भाइयों को राखी बांधते समय कई बहनों की आंखों में आंसू छलक पड़े।
शनिवार को सुबह से सिविल लाइंस स्थित जिला कारागार में बहनों की भीड़ रही। मुलाकात में बहनों को किसी तरह की असुविधा न हो, इसके लिए जेल प्रशासन ने काफी इंतजाम किए थे। जेल में बहनों ने तिलक लगाकर भाइयों की कलाई पर राखी बांधी। इस दौरान कई बहनों के आंसू छलक आए। जेलर वीरेंद्र सिंह वर्मा ने बताया कि रक्षाबंधन पर बंदियों को राखी बांधने जेल आने वाली बहनों के लिए विशेष इंतजाम किए गए। जेल परिसर में बाहर वेटिंग रूम में बहनों के बैठने के अलावा जलपान की भी व्यवस्था की गई। सुबह 9 से ही मुलाकात शुरू करा दी गई।
इससे पहले सुबह 7 बजे से ही विभिन्न क्षेत्रों से राखी बांधने के लिए बहनें कारागार पहुंचने लगीं। इस बीच हुई बरसात ने जेल प्रशासन के इंतजाम पर कुछ देर के लिए पानी फेर दिया। बारिश बंद होने के बाद बहनों की मुलाकात के लिए बनाए गए बैरिकेडिंग वाले स्थान पर जलभराव हो गया। बारिश के बीच बहनें कतार में छाता लगाए अपनी बारी के इंतजार में खड़ी रहीं। जेलर वीरेंद्र कुमार वर्मा ने बताया कि कारागार में भाइयों को राखी बांधने के लिए 800 महिलाएं व 300 बच्चे पहुंचे।