एटा। बारिश का मौसम आने वाला है। अधिकांश लोग बारिश के मौसम में दूषित पानी की वजह से डायरिया से पीड़ित हो जाते हैं। अप्रैल 2024 से मार्च 2025 तक एक साल में 4000 से अधिक लोग डायरिया से पीड़ित हुए हैं। बचाव के लिए उपायों पर जोर दिया जा रहा है।
स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक दूषित खान-पान और पानी की वजह से लोगों में डायरिया की समस्या आ रही है। सीएमओ डॉ. उमेश कुमार त्रिपाठी ने बताया कि डायरिया से अलीगंज में 12, अवागढ़ में 737, जैथरा में 831, जलेसर 9, मारहरा में 591, सकीट में 20, शीतलपुर में 2, शहर में 1848 मरीज मिले हैं। जिले में कुल 4076 मरीज डायरिया के मिले हैं। इसमें सबसे कम मरीज शीतलपुर में रहे हैं। जहां डायरिया के मरीजों की संख्या अधिक है, वहां पर सफाई का विशेष ध्यान दिया जा रहा है। कैंप लगाकर लोगों की जांच कर उपचार दिया जाएगा।