प्रधान पति की जहर देकर हत्या करने पर गुस्साए ग्रामीणों ने जमकर हंगामा किया। उन्होंने थाने का घेराव करते हुए मार्ग जाम कर दिया। सूचना पर पहुंचे पुलिस और प्रशासन के अफसरों ने बामुश्किल ग्रामीणों को शांत कराया। इस मामले में पांच आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने तीन लोगों को हिरासत में ले लिया।
ग्राम पंचायत गनेशपुर की प्रधान उमा देवी के पति देवेंद्र कुमार सोमवार की रात्रि गांव के लोगों के साथ नगला सेजन में शादी समारोह में शामिल होने गए थे और रात को वहीं रुक गए। मंगलवार सुबह साढ़े आठ बजे रबी पुत्र प्रकाश निवासी नगला सेजन, चरन सिंह पुत्र सियाराम, श्रीकृष्ण पुत्र बाबूराम, होरीलाल पुत्र रत्नलाल निवासी गनेशपुर, प्रवीन कुमार पुत्र महेंद्र सिंह निवासी निशानखेड़ा, मंडनपुर प्रधानपति को वहां से किसी अन्य स्थान पर ले गए, जहां उन्होंने प्रधानपति को शराब में जहर पिला दिया। इसके बाद तबीयत खराब होने पर वह घर वापस लौट आए। यह देख भाई अजय ने प्रधानपति को डॉक्टर के पास ले जाने के लिए बाइक पर बैठाया और बाइक स्टार्ट करने लगा। इसी बीच देवेंद्र जमीन पर गिर पड़े और उनके मुंह से झाग निकलने लगे। जब तक अजय कुछ समझ पाता उनकी मौत हो गई, जिससे परिवार में कोहराम मच गया। जानकारी होने पर ग्रामीणों में आक्रोश व्याप्त हो गया। काफी संख्या में गुस्साए ग्रामीण ग्रामीण प्रधान पति का शव लेकर थाने पहुंचे और हंगामा करते हुए थाने का घेराव कर लिया। इसी बीच आक्रोशित ग्रामीणों ने जाम लगा दिया, जिससे यातायात व्यवस्था चरमरा गई। सूचना एसडीएम सुनील कुमार यादव, सीओ शैलेंद्र लाल थाने पर पहुंच गए। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने पांच लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया लेकिन ग्रामीण आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग कर रहे थे। पुलिस ने आरोपी रबी, हीरालाल एवं हीरालाल के पुत्र शैलेंद्र को हिरासत में ले लिया। इसके बाद ही ग्रामीणों का गुस्सा शांत हो सका।
चार घंटे जाम से चरमराई यातायात व्यवस्था
सहावर(ब्यूरो)। प्रधानपति की हत्या से गुस्साए ग्रामीणों ने हंगामा करते हुए जाम लगा दिया, जिसके चलते लगभग चार घंटे तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। वहीं चार घंटे मार्ग अवरुद्ध रहने के कारण सड़क के दोनों और वाहनों की कतारें लग गईं, जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।