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कोरोना संदिग्ध जलेसर नजारत के चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी की मौत

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मोक्षधाम से शव को ले जाती एंबुलेंस तथा वहीं मौजूद लोग - फोटो : ETAH
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एटा/जलेसर। जलेसर के नजारत में तैनात कोरोना संदिग्ध चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी की शुक्रवार की सुबह आइसोलेशन वार्ड में मौत हो गई। बृहस्पतिवार को कर्मचारी का सैंपल जांच के लिए भेजा गया था। जिसकी रिपोर्ट अभी नहीं आई है। इसी कारण शव का अंतिम संस्कार नहीं किया जा सका है।
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जलेसर तहसील में 45 वर्षीय महाराम सिंह चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के पद पर नजारत अनुभाग में कार्यरत थे। वह शुगर के रोग से ग्रसित थे। बीते चार पांच दिनों से उनकी हालत ठीक नहीं थी। इसी के चलते वह सीएचसी पर पहुंचे। वहां से उन्हें इलाज के लिए जिला अस्पताल भेज दिया गया। बृहस्पतिवार की शाम वह आगरा रोड स्थित सेंट मेरिस स्कूल में बने सेंटर पर क्वारंटीन हुए।
चिकित्सकों द्वारा उनका सैंपल जांच के लिए लिया गया। इसके बाद वह वार्ड में सोने चले गए। इस बीच उनकी हालत बिगड़ गई। शुक्रवार की सुबह उन्हें जिला अस्पताल ले जाया गया। जहां उपचार के दौरान मौत हो गई। पोस्टमार्टम के लिए रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। एसडीएम के निर्देश पर तहसील का सैनिटाइजेशन कराया गया।
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भूतेश्वर से प्रशासन ने मंगवाया शव
परिजन कर्मचारी का शव लेकर अंतिम संस्कार के लिए श्मशान स्थल भूतेश्वर पहुंच गए। लेकिन प्रशासन द्वारा शव को पोस्टमार्टम हाउस में मंगवा लिया गया। कोरोना की रिपोर्ट आने के बाद अंतिम संस्कार किया जाएगा। वहीं परिजनों ने बताया कि उनकी हालत ठीक नहीं थी। उन्होंने कई बार कॉल की, लेकिन रिसीव नहीं हुई तो वहां तैनात स्वास्थ्य कर्मियों को बताया। तब वह बेहोशी की हालत में लेकर उन्हें जिला अस्पताल पहुंचे।
व्यापारी की मौत
कस्बा के व्यापारी दीपक मेहरोत्रा किसी बीमारी से ग्रसित थे। परिजन उन्हें आगरा के एक नर्सिंग होम लेकर पहुंचे। जहां से एसएन मेडिकल कॉलेज भेज दिया गया। इस दौरान उनकी मौत हो गई।
- क्वारंटीन सेंटर पर कर्मचारी की हालत बिगड़ गई। जहां से उसे आइसोलेशन वार्ड में लाया गया। वहां उसकी मौत हो गई। शव पोस्टमार्टम हाउस में रखवा दिया गया है। जांच रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। - डॉ. अजय अग्रवाल, सीएमओ।
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