एटा में ऑटो में सफर करने वालों के लिए बुरी खबर है। उन्हें यात्रा करते समय सावधानी बरतने की जरूरत है। यहां ऑटो गैंग यात्रियों को उनके गंतव्य स्थान तक छोड़ने के लिए बैठाते तो हैं लेकिन रास्ते में ही उनसे लूट कर लेते हैं। इसके बाद छोड़कर फरार हो जाते हैं।
उत्तर प्रदेश के एटा जिले में ऑटो गैंग से लोगों में दहशत का माहौल है। इस गैंग ने 15 दिन में चार बड़ी घटनाओं को अंजाम दिया है। यानि कि ऑटो चालक सवारियों को बैठाते हैं और सुनसान जगह देखकर लूट की वारदात को अंजाम देते हैं। उसके बाद आसानी से फरार हो जाते हैं। पुलिस अभी तक एक भी घटना का खुलासा नहीं कर पाई है।
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मामला कोतवाली नगर क्षेत्र का है। यहां फिरोजाबाद निवासी अशोक कुमार शनिवार की रात ऑटो में बैठकर जा रहे थे। शिकोहाबाद रोड पर गंगनपुर स्थित पेट्रोल पंप के पास रात करीब 10 बजे अशोक का बैग, मोबाइल व नगदी लूट लिया और फरार हो गए। इससे पहले कोतवाली देहात क्षेत्र में मारहरा तिराहा के पास अंशुल निवासी दाउदगंज, थाना अलीगंज से लूट की वारदात हुई थी।
पहली घटना 25 फरवरी की रात हुई
ऑटो गैंग ने पहली लूट की वारदात 25 फरवरी की रात मलावन थाना क्षेत्र में की थी। इसमें बस स्टैंड से पुष्पेंद्र निवासी हाड़ई, थाना मलावन को बैठाने के बाद दलेलपुर जाने वाले रास्ते पर एफसीआई गोदाम के पास लूट लिया था। पीड़ित ने ऑटो का नंबर भी एफआईआर में अंकित किया था। लेकिन, पुलिस ने पीड़ित का मुकदमा लूट में दर्ज न करके मारपीट में लिखा।
एक मार्च की रात हुई थी घटना
इसी क्षेत्र में दूसरी वारदात एक मार्च की रात अनिल कुमार निवासी कुंवरपुर, थाना कुरावली, जिला मैनपुरी के साथ हुई। अनिल ने भी पुष्पेंद्र द्वारा दिए गए ऑटो का नंबर लिखाया था। इससे साफ जाहिर था कि लूट की वारदात करने वाले एक ही बदमाश थे। इस बार पुलिस ने मुकदमा लूट में जरूर लिखा, लेकिन, अपने ही उच्चाधिकारियों को गुमराह किया। मुकदमा में ऑटो के जिस नंबर को लिखाया गया उसे मैनपुरी डिपो की रोडवेज बस बताकर सवारी व कर्मचारी में मारपीट होना अधिकारियों को बता दिया।
गिरोह के तीन सदस्य गिरफ्तार
एसएसपी उदय शंकर सिंह ने बताया कि कोतवाली नगर व देहात में वारदात करने वाले गैंग के तीन सदस्यों को रविवार को पकड़ लिया गया है। विपिन, विनय और मोहित निवासी सरजनपुर थाना बागवाला को जेल भेज दिया गया है।