डीआईजी ने आरोपी के घर पहुंच मौके का निरीक्षण किया। परिजनों ने कहा हमारे परिवार के दो लोगों की हत्या हो चुकी है। वहीं एक चालक की भी हत्या कर दी गई। आरोपियों पर एनकाउंटर की कार्रवाई होनी चाहिए। इस पर डीआईजी ने कहा कि कार्रवाई नजीर बनेगी। किसी भी हाल में आरोपी बख्शे नहीं जाएंगे। एहतियात के तौर पर पीएसी सहित कई थाने की फोर्स लगाई गई है।
आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की चार टीमें लगाई गई है। पूरी रात टीम अलग अलग ठिकानों पर छापेमारी की। लेकिन अभी तक आरोपी हत्थे नहीं चढ़ सके हैं।पत्नी अमृता की शिकायत पर गांव के ही संजय तिवारी, दीपक तिवारी, प्रांजल तिवारी, अभिनीत, आदित्य, निखिल तिवारी व दस अज्ञात के खिलाफ हत्या की प्राथमिकी सहित कई गंभीर धाराओं में केस दर्ज कर अग्रिम कार्रवाई में जुटी हुई है। वहीं तीन महिलाओं को हिरासत में लेकर पूछ ताछ कर रही है।
यह है मामला
लार क्षेत्र के भीखम छपरा गांव में सड़क पर ब्रेकर बनवाने से नाराज विरोधियों ने बृहस्पतिवार की शाम करीब पांच बजे आरएसएस कार्यकर्ता रामेश्वर तिवारी (55) की लाठी-डंडे से पीटकर हत्या कर दी थी। तनाव को देखते हुए गांव में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया। वारदात के पीछे वजह पुरानी रंजिश बताई जा रही है। भीखम छपरा गांव निवासी रामेश्वर तिवारी आरएसएस के कार्यकर्ता थे।