जिले के 70 स्थानों पर आग ने मचाया तांडव, एक करोड़ से अधिक का नुकसान
देवरिया। जिले में रविवार को तेज हवाओं के बीच आग ने कहर बरपाया। 70 से अधिक स्थानों पर आग लगी की हुई घटना में किसानों के अरमान जलकर खाक हो गए। एक करोड़ से अधिक के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है। फायर ब्रिगेड की चार बड़ी एवं दो छोटी गाड़ियां दिन भर दौड़ती रहीं। एक आग बुझी नहीं कि दूसरी की सूचना आ गई। कई स्थानों पर देर से दमकल की गाड़ियां पहुंची तो लोगों का कड़ा विरोध झेलना पड़ा। आगलगी में सैकड़ों एकड़ फसल जलकर किसानों की राख हो गई। रुद्रपुर के लालपुर परसिया गांव में आग ने एक गरीब परिवार के खुशियों के अरमानों को जला कर राख कर दिया। आग की लपटों से मची चीख पुकार से दुल्हन बनने के इंतजार में हाथों में मेंहदी रचा रही युवती भी आग बुझाने को दौड़ पड़ी। बरात के स्वागत में हुई तैयारियों को तहस नहस होते देख वह रोने लगी।
जिले में सुबह से लेकर शाम तक हर इलाके में आग लगने की सूचना मिलते ही दमकल की गाड़ियां दौड़ पड़ी, आग के कहर से सैकड़ों बीघा पक कर तैयार किसानों के गेहूं की सफल जल कर खाक हो गई। किसानों ने कड़ी मेहनत कर फसल उगाया था जो एक झटके में आग ने खत्म कर दिया। गेहूं की कटाई का कार्य चल रहा है, वहीं तेज गर्म हवाओं और तापमान ने भी आग को अनियंत्रित कर दिया है। लोगों की लापरवाही, चूल्हे की आग, सिगरेट, बीड़ी, हाईटेंशन तार, शार्ट सर्किट से 70 से अधिक स्थानों पर आग लगी। अग्निशमन अधिकारी सुरेंद्र राय ने बताया कि आगलगी की 60 घटनाओं की सूचना रविवार को उन्हें प्राप्त हुई। इसमें करोड़ों के नुकसान का अनुमान है। फायर ब्रिगेड की छह गाड़ियां मौके पर पहुंचकर आग बुर्झाइं। कई स्थानों पर समय से गाड़ियां इसलिए नहीं पहुंच सकीं कि दूसरे स्थानों पर आग बुझा रही थीं। उधर, उप निदेशक कृषि का कहना है आगलगी में क्षति का अनुमान लगाने में राजस्व महकमा जुट गया है। जिन किसानों का बीमा होगा, उन्हें उसका लाभ दिलाया जाएगा।
आग से घिरी बीमार मां को गोद में लेकर भागा बेटा
बघौचघाट। सिधावे गांव आग से चारों तरफ से घिर गया था। आग बुझा रहे रवींद्र प्रसाद को याद आया कि उसकी बीमार मां घर में है। वह भागकर घर गया और मां को गोद में उठाकर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया। अगर समय रहते वह अपनी मां को नहीं निकालता तो आग की चपेट में आ जाती।
धर्मागत पट्टी निवासी मुहर्रम की झोपड़ी राख हो गई। अब दाने-दाने के लिए मोहताज हो गया है। क्षेत्र के पचरुखिया, पकड़ी, पड़री, रामपुर, सिधावे, धर्मागतपट्टी, पाथरदेवा, सकतुई, सकतुवा, फरान्हा, मोतीपुर, शाहपुर, आनंदनगर, सेमरी सहित अन्य गांवों में ग्रामीण जान जोखिम में डालकर आग पर काबू पाने की कोशिश करते रहे।
आग से दो लोगों की छह झोपड़ियां जलीं, दो गायें झुलसी
भाटपार रानी/खामपार। ग्राम छपिया पूरब टोला में रविवार अज्ञात कारणों से आग लग गई। इससे दो लोगों दीनानाथ प्रसाद और गोरख प्रसाद की छह झोपड़ियां व उस में रखा लाखों का सामान जल गया ।आग से झोपड़ी में बंधी दो गायें भी बुरी तरह से झुलस गई। ग्रामीणों व पुलिस की सहायता से आग बुझी।
आग का तांडव देख ग्रामीण सहमे, गेहूं व भूसा जला
गौरी बाजार। क्षेत्र के ग्राम बागापार, लबकनी, चरियांव बुजुर्ग व मोहनमठ में रविवार दोपहर बाद लगी आग में पांच किसानों के गेहूं के बोझ सहित भूसा जल गया।
ग्राम मोहनमठ में राधे सिंह, मारकंडेय राय, लक्ष्मी, रामायन राय का गेहूं जल गया। जबकि चरियांव निवासी अवधेश प्रसाद का सौ बोझ गेहूं व भूसा राख हो गया। बागापार में भी कुछ किसानों का नुकसान हुआ। लबकनी गांव में आग दोपहर दो बजे के आसपास लगी जब नकटा नाले के किनारे करमाजीतपुर गांव में एक खेत में टूट कर गिरे विद्युत तारों से गेहूं की डंठलों में आग लग गई। कोहली देवी, दुर्गावती देवी, बनवारी चौहान, श्री राम चौहान, राधेश्याम चौहान, कुल पांच लोगों की आवासीय झोपड़ियां तथा इसमें रखा लाखों का कपड़ा, बर्तन, अनाज, नकदी व अन्य कीमती सामान जलकर राख हो गया। मोहनमठ तथा पड़री गांवो में जय प्रकाश राय, गंगा राय रामानंद यादव महेश यादव आदि की 10 एकड़ गन्ने की फसल यूकेलिप्टस व सागौन के पेड़ तथा राजन कुर्मी शिव बचन राय रामायण राय अयोध्या राय मार्कंडेय राय गोकुला राय, रामप्रवेश सिंह ,राजन सिंह, बनारसी सिंह ,की 20 एकड़ से अधिक खलिहान में काट कर रखी गेहूं की फसल तथा बोरे में रखा कई कुंटल अनाज जलकर राख हो गया।
पछुआ हवा से आग हुई विकराल
बरहज। सुबह से ही मौसम काफी गर्म था। तेज धूप और हवा ोके कारण लोग घरों निकलना मुनासिब नहीं समझ रहे थे। इसी बीच किसी ने खेतों के डंठल में आग लगा दिया। जो विकराल हो गई। कपरवार पश्चिमी से लेकर पूरब टोला, रमईपुरा, नौकाटोला, बरांव, दुबौली, भदिला, महेन, लबकनी गंगा, पटखौली से होकर खोरी, बारा दीक्षित, परसियां तिवारी, बिजौली तक आग ने अपना कहर बरपाया। जब तक एक तरफ लोग किसी तरह आग बुझाते, दूसरी हाहाकार मच जा रहा था। धूल और राख के गुबार से लोगों का दम फूल रहा था। सैकड़ों एकड़ डंठल जलने के अलावा गौरा के दुर्गा सिंह का भैया बिजौली में खेत में रखा करीब एक ट्रक यूकेलिप्टस का बोटा, बेलडॉड के मुन्ना सिंह के क्रय केंद्र गोदाम में आग लग गई। जिससे उसमें रखे गेंहू के बोरे राख हो गए। कुछ जगहों पर किसानों के रखे गेहूं के कटे बोझ जल गए। सूचना के काफी देर बाद दो फायर ब्रिगेड की गाड़ी पहुंची। इससे लोगों में नाराजगी थी।
चूल्हे के चिंगारी से झोपड़ी राख
घांटी बाजार। भटनी के मोतीपुर टिकैत निवासी अनिरुद्ध कुमार साह पुत्र स्व. रामचीझ की रिहायशी झोपड़ी में चूल्हे के चिंगारी से आग पकड़ ली। अचानक आग की लपटों को देख आस पास के लोग आग बुझाने का प्रयास करने लगे। जब तक आग पर लोग काबू पाते उसमें मोटरसाइकिल समेत घर गृहस्थी का सामान साड़ी, कपड़ा पलंग, अनाज समेत सारा सामान जल कर राख हो गया। मौके पर पहुंचे हल्का लेखपाल द्वारा नुकसान का आकलन किया गया।
घंटों बाद पहुंचा फायर ब्रिगेड व कोतवाली पुलिस
सलेमपुर। कोतवाली थाना क्षेत्र के डोल छपरा गांव में रविवार की दोपहर आग पकड़ ली। गांव के कई लोगों का घर जल गया। गांव में अफरातफरी का माहौल बना रहा। सूचना के घंटों बाद पहुंची फायर सर्विस व कोतवाली पुलिस गांव के लोगों की मदद से आग पर काबू पाया जा सका।
डोल छपरा गांव के बंदना देवी पत्नी गोधरा, शामराज, धर्मराज, मणिराज, द्वारिका साहनी, ठाकुर साहनी, नितेश साहनी व मोतीचंद के घर में आग पकड़ ली। जिससे उनके घर में रखा सारा सामान जलकर राख हो गया। इसके अलावा गांव के चारों तरफ गेहूं के डंठल में आग फैल गए। सूचना के घंटों बाद पहुंची फायर सर्विस व कोतवाली पुलिस ने गांव के लोगों की मदद से घंटों प्रयास कर आग पर काबू पाया। वहीं रामपुर बुर्जुग गांव में आग लग गई जिससे गेहूं का डंठल जल गया। उधर चेरो चौराहे पर शनिवार रात विद्युत शार्ट सर्किट से सब्जी विक्रेता की दुकान में आग लग गया। इसमें सब्जी विक्रेता इटहुआ चंदौली गांव निवासी प्रह्लाद शर्मा आठ हजार रुपये नकद, बीस हजार का फल, पांच हजार की सब्जी व आठ हजार का खिलौना जल कर राख हो गया।
आग से कई छप्पर जले
देसही देवरिया। महुआडीह थाना क्षेत्र के चैनपुर गांव के पास दोपहर में आग लग गई। तेज हवा की चलते आग काफी फैल गई। सेमरहा, विक्रम विशुनपुर, बरई टोला, भेड़िया टोला, हुलासपुर, चिउरहा खास, और बालकुआ गांव तक पहुंच गई। विक्रमपुर गांव के रमेश रावत का छप्पर जल गया। फायर सर्विस के नहीं पहुंचने पर लोगों ने नाराजगी जताई। उधर, क्षेत्र के पिपरा दौला कदम गांव में भी आग लग गई। इससे विश्राम यादव का छप्पर और उसमें रखा अनाज आदि जल गया। बगल के राजेश यादव, राधेश्याम यादव, सुदामा, सुदर्शन, का भी छप्पर जल गया। गांव वालों ने कड़ी मशक्कत कर आग पर काबू पाया। सेखौना और बलटिकरा के बीच भी आग लगी।
शाम को आने वाली थी बरात, दोपहर में सब जल गया सामान
रुद्रपुर। लालपुर परसिया गांव में रामकरन पासवान की बहन पूजा की रविवार की शाम जाफराबाद से बरात आने वाली है। गांव में बरात और जयमाल के लिए टेंट लगा था कि गांव में आग पहुंच गई। देखते ही देखते रामकरन के दरवाजे पर बरात की तैयारी में रखा सारा सामान जलने लगा। घर में पूजा हाथों में सहेलियों से मेहंदी लगवा रही थी, आवाज सुनकर बाहर निकली तो आग की लपटों में खुशियों के अरमानों को जलता देख उसके होश उड़ गए। भाई रामकरन जोन जोखिम में डाल कर आग बुझा रहा था। वह आग बुझाने में जुट गई। पूजा के पिता नेबूलाल की दस साल पहले मौत हो गई थी। रामकरन ने घर की जिम्मेदारी संभाली थी। गरीब परिवार तिनका-तिनका एकत्र कर शादी की तैयारी कर रहा था। पूजा की बीमार मां पाना देवी बेटी को ढांढस बंधा रही थीं। शाम को सादे समारोह में पूजा की शादी हुई।