दिल्ली पुलिस की स्पेशल से ने राजधानी से आतंकवादी संगठन आईएसआईएस के दो आतंकवादियों को गिरफ्तार किया जिनमें से एक के तार अमरोहा से जुड़े है। दोनों की पहचान परवेज राशिद और जमशेद जहूर के रूप में हुई है। परवेज अमरोहा के डीएनएस कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग का छात्र बताया जा रहा है ।
अमरोहा का डीएनएस कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग रोजाना से कुछ अलग लग रहा था ,अपने एक साथी की खबर ने सभी को सकते में डाल दिया है। अमरोहा के इस कॉलेज में पांच सौ छात्र पढ़ते हैं जो इस घटना के बाद क्लास के बाहर कॉलेज में लगातार आ रहे लोग और खासतौर पर पुलिस की पलटन को देखने के लिए खड़े थे ।
उत्तर प्रदेश पुलिस के खुफिया विभाग और सेंटर इंटेलिजेंस ब्यूरो के अधिकारी स्थानीय पुलिस कर्मियों के साथ आतंकवादी परवेज रशीद लोन के बारे में पूरी जानकारी जुटाने कॉलेज आये थे। परवेज इसी इंजीनियरिंग कॉलेज का पूर्व छात्र था जिसे दिल्ली के एक बस स्टॉप से गिरफ्तार गया था और पुलिस के मुताबिक परवेज और उसके साथी के इस्लामिक स्टेट के एक धड़े से सांठ-गांठ की खुफिया जानकारी मिली थी।
अमरोहा में पूछ-ताछ के दौरान पता चला कि आखिरी बार परवेज यही मंगलवार को देखा गया था। पुलिस का अंदाजा है कि कथित आतंकवादी ने अपने कॉलेज का इस्तेमाल छुपने के लिये किया था ताकि वो दिल्ली से जम्मू भाग सके।
कॉलेज के एक प्रबंधक के मुताबिक परवेज लोन अपने एक दोस्त के साथ लगभग 11:30 बजे डीएनएस कॉलेज में दाखिल हुआ था। लोन ने अपने दोस्त के बारे में बताया कि उसे डीएनएस कॉलेज में दाखिला चाहिए। कॉलेज ने लोन पर यकीन किया और रात ठहरने के लिए जगह भी मुहैया कराई क्योंकि उसने 2012 में यही से इंजीनियरिंग की डिग्री ली और 2017 में कुछ महीने एक स्कूल में बतौर टीचर भी काम किया था।
अमरोहा में रात बिता कर दूसरे दिन लंच कर ये दोनो वहां से रवाना हो गये। दोपहर में ही परवेज लोन ने कॉलेज के एक अध्यापक बशीर अहमद डार को फोन किया था। पुलिस ने लोन के फोन कॉल डिटेल्स खंगालने के बाद डार को भी स्थानीय पुलिस के जरिए उठा लिया था।