चित्रकूट। मौनी अमावस्या के पावन अवसर पर लाखों श्रद्धालुओं के आगमन की उम्मीद को देखते हुए धर्मनगरी में सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाने के लिए व्यापक प्रबंध किए गए हैं। सुरक्षा के कड़े इंतजामों के बीच, कर्वी नगर क्षेत्र में भारी और मध्यम मालवाहनों का प्रवेश शनिवार, 18 जनवरी की सुबह 6:30 बजे से 20 जनवरी की रात 12 बजे तक पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। इस अवधि के दौरान, जिले भर में रूट डायवर्जन लागू रहेगा, ताकि लाखों श्रद्धालुओं की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित की जा सके।
अमावस्या से एक दिन पहले ही वाहनों के प्रवेश पर रोक लगने के कारण कई श्रद्धालुओं को पांच किलोमीटर तक की दूरी पैदल तय करनी पड़ रही है। 17 से 20 जनवरी तक दो से तीन लाख श्रद्धालुओं के चित्रकूट पहुंचने का अनुमान है। वाहनों के प्रवेश पर रोक के कारण, श्रद्धालुओं को रामघाट तक पहुंचने के लिए कई किलोमीटर पैदल चलना पड़ रहा है।
बेड़ी पुलिया से रामघाट जाने वाले मार्ग पर दो स्थानों पर बैरीकेडिंग की गई है। बेड़ी पुलिया के पास बड़े वाहनों को रोका जा रहा है, जबकि शंख चौराहे पर कार सहित सभी प्रकार के वाहनों का प्रवेश बंद कर दिया गया है। वाहनों के प्रवेश पर रोक के कारण, ई-रिक्शा और ऑटो चालकों द्वारा किराए में दो से तीन गुना तक की वृद्धि की जा रही है।
जहां पहले एक सवारी का किराया 10 रुपये था, वहीं अब 20 से 40 रुपये तक वसूला जा रहा है। अरुणाचल प्रदेश से आए श्रद्धालुओं ने बताया कि उनकी बस बेड़ी पुलिया के पास रोकी गई और ई-रिक्शा चालकों द्वारा 30 रुपये प्रति सवारी मांगे जाने के कारण उन्हें मजबूरी में पैदल ही रामघाट की ओर जाना पड़ा।
वैकल्पिक मार्गों से डायवर्जन
यातायात प्रभारी शैलेंद्र सिंह के अनुसार, भीड़ और सड़क दुर्घटनाओं की आशंका को देखते हुए बांदा, सतना (मध्य प्रदेश), प्रयागराज और कौशांबी से आने-जाने वाले भारी व मध्यम मालवाहनों को वैकल्पिक मार्गों से डायवर्ट किया गया है। इन मार्गों का उद्देश्य भीड़ को नियंत्रित करना और श्रद्धालुओं के लिए सुरक्षित वातावरण प्रदान करना है। प्रशासन का प्रयास है कि किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना न हो और सभी श्रद्धालु बिना किसी बाधा के अपने धार्मिक अनुष्ठान संपन्न कर सकें। व्यवस्थाओं का कड़ाई से पालन कराया जा रहा है ताकि धार्मिक आयोजन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके।
इन मार्गों पर रहेगा डायवर्जन
बांदा से प्रयागराज जाने वाले वाहन: बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के जीरो प्वाइंट से बिसंडा, बबेरू, कमासिन, राजापुर और महेवाघाट होकर जाएंगे।
सतना से आने वाले वाहन: मारकुंडी, मानिकपुर और प्रयागराज की ओर इनका प्रवेश पूरी तरह बंद रहेगा।
दो पहिया और हल्के वाहन: जानकीकुंड व सतना मार्ग पर धनुष चौराहा से देवांगना घाटी होते हुए गुजरेंगे।
खनन और क्रशर प्लांट बंद
इसके अतिरिक्त, 17 से 20 जनवरी तक जिले की सभी खदानें और क्रशर प्लांट बंद रहेंगे। गिट्टी और बालू का खनन व विक्रय भी पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा।