चित्रकूट। शहर में पानी की टंकियों की सफाई में जिम्मेदारों ने खेल कर दिया। शहर में जलापूर्ति के लिए सात ओवरहेड टैंक बने हैं। इनसे 10 हजार घरों में पानी सप्लाई होती है। टंकियों की हर तीन महीने में सफाई का नियम है। इस कार्य में प्रत्येक टंकी पर 20 हजार रुपये खर्च आता है। रविवार को शहर की पानी टंकियों की सफाई व्यवस्था की पड़ताल की गई तो पता चला कि बगैर सफाई के शहर की सात टंकियों की सफाई के नाम पर दिसंबर महीने में करीब 1.40 लाख रुपये खर्च हो गए। वहीं स्थानीय लोगों का कहना कि टंकियों की न तो सफाई हुई है और न ही पानी की शुद्धता जांचने के लिए टीम आई है।
-एक साल पहले हुई थी टंकी की सफाई
शहर के एसडीएम कॉलोनी स्थित ओवरहेड टैंक 850 क्यूबिक फीट है। इससे करीब दो हजार घरों को पानी की सप्लाई होती है। रविवार की पड़ताल के दौरान टंकी में सफाई की तारीख 15 दिसंबर 2025 दर्ज रही। स्थानीय निवासियों ने बताया कि एक साल पहले टंकी की सफाई हुई थी। इसके बाद अभी तक कोई देखने तक नहीं आया है। पानी में लगातार मिट्टी आ रही है। घर की छत पर रखी टंकी पर मिट्टी जमा है। यही मुन्ना सिंह, बद्री विशाल व नरेंद्र कुमार ने बताया कि सफाई के नाम पर सिर्फ तारीख ही लिखी गई। कुछ कार्य नहीं हुआ है।
लीकेज पाइप लाइन के पास भरा मिला गंदा पानी
गल्ला मंडी स्थित पानी की टंकी से गल्ला मंडी के कसहाई रोड, अहिरन पुरवा, बनकट मोड़ व शंकर बाजार के डेढ़ हजार घरों में कनेक्शन है। इस टंकी में सफाई की तारीख 20 दिसंबर 2025 दर्ज रही। जबकि टंकी के गेट के पास भीषण गंदगी व अंदर आसपास कूड़ा फैला है। वहीं एक स्थान पर लीकेज पाइप लाइन पर कूड़ा करकट व गंदा पानी भरा मिला। शंकर बाजार के रामसिंह, दीनू व गोपाल ने बताया कि अधिकतर पानी में गंदगी रहती है। बारिश के समय स्थिति और खराब हो जाती है।
टंकी के नीचे उगी घास, सीढ़ियां पेड़ के तनों से पटी
धुस मैदान के पास बनी पानी टंकी में भी 18 दिसंबर की तारीख अंकित रही। वहीं टंकी के नीचे गंदा पानी व घास खड़ी रही। इसके साथ सीढ़ियां पेड़ के तनों से पटी रही। गौरतलब है कि सफाई कार्य एक महीने पहले हुआ तो टंकी के ऊपर व नीचे सभी स्थानों में सफाई हुई होती लेकिन यहां सिर्फ तारीख को ही अंकित कर दिया गया है। स्थानीय निवासी पप्पू सिंह, अशोक दीक्षित ने बताया कि कागजों में ही सफाई हो रही है। बाकी नहीं कुछ होता नहीं है।
पानी की टंकियों की साफ-सफाई रूटीन के हिसाब से कराई जाती है। पिछले महीने दिसंबर महीने में टंकियों का सफाई कराई गई है। अब सफाई के लिए किसी को बताना जरूरी तो नहीं है।
-मुलायम सिंह, अधिशासी अभियंता, जल संस्थान, चित्रकूट
फोटो-01-एसडीएम कॉलोनी स्थित पानी की टंकी में अंकित सफाई की तारीख। संवाद
फोटो-01-एसडीएम कॉलोनी स्थित पानी की टंकी में अंकित सफाई की तारीख। संवाद
फोटो-01-एसडीएम कॉलोनी स्थित पानी की टंकी में अंकित सफाई की तारीख। संवाद