चित्रकूट। जिला पंचायत की बैठक में अन्ना मवेशी, सड़क और पेयजल मुख्य मुद्दा छाया रहा। हर ब्लाक प्रमुख और सदस्यों ने इन्हीं समस्याओं के समाधान का प्रस्ताव रखा। तय हुआ है कि जिले के पांचों ब्लाक में पांच-पांच हजार गोवंश की क्षमता वाली आधुनिक गोशाला का निर्माण किया जाएगा। बैठक में लगभग 18 करोड़ रुपये की परियोजनाओं को मंजूरी दी गई है।
शनिवार को जिला पंचायत सभागार में जिला पंचायत अध्यक्ष अशोक जाटव की अध्यक्षता में बैठक हुई। इसमें 73वें संशोधन के अंतर्गत पंचायती राज व्यवस्था के अधीन 23 विभागों के कार्य की प्रगति पर चर्चा की गई। ब्लाक प्रमुख से लेकर जिला पंचायत सदस्यों ने अन्ना मवेशी की समस्या के समाधान का प्रस्ताव रखा। इस पर तय हुआ है कि हर ब्लाक क्षेत्र में पांच-पांच हजार गोवंश रखने की क्षमता वाली गोशाला का निर्माण किया जाएगा।
जिला पंचायत अध्यक्ष ने कहा कि हर प्रमुख गांव के प्रमुख स्थल पर सरकार की योजनाओं के प्रचार-प्रसार के लिए बोर्ड लगाये जाएंगे। बैठक में पेयजल योजनाओं का सही तरीके से क्रियान्वयन कराने पर जोर दिया गया।
जनप्रतिनिधियों ने विभागीय अधिकारियों को फटकार लगाई कि सरकार की हर व्यवस्था होने के बाद भी गांव में पानी की आपूर्ति नहीं हो पा रही है। इसके अलावा वित्तीय वर्ष के आवंटित धनराशि के सापेक्ष कार्य योजना की स्वीकृत पर विचार, पंद्रहवें वित्त आयोग टाइड फंड की कार्य योजना वित्तीय वर्ष की स्वीकृत दी गई।
सड़कों के गड्ढा मुक्त एवं अनुरक्षण के कार्य योजना वित्तीय वर्ष 22 की स्वीकृत पर विचार किया गया। जिला पंचायत कार्यालय और सभागार व कर्मचारियों के रखरखाव के बजट के स्वीकृत पर विचार, जिला पंचायत के आय में वृद्धि, भूमि का चिह्नांकन दुकान व भवनों के निर्माण कार्य को लेकर चर्चा की कई।
बैठक में राज्यमंत्री चंद्रिका प्रसाद उपाध्याय, सांसद आरके सिंह पटेल, ब्लाक प्रमुख सुशील द्विवेदी, गंगाधर मिश्रा, गोमती देवी, अरविंद मिश्रा, अनिल कोल, विनीत द्विवेदी, अर्जुन शुक्ला, शिवशंकर सिंह, अनीता बघेल, शिवऔतार त्रिपाठी, सीडीओ अमित आसेरी, अपर मुख्य अधिकारी इंजीनियर भगत सिंह, कार्य अधिकारी आत्माराम, वित्तीय परामर्शदाता पंचानन वर्मा व इंद्रपाल भी मौजूद रहे।