अमर उजाला ब्यूरो
चित्रकूट। डाकू गोप्पा पर डकैती, हत्या, अपहरण आदि के ज्यादातर मामले थाना पहाड़ी में ही दर्ज हैं। इसके बाद बहिलपुरवा थाने में मामले दर्ज हैं।
मऊ, रैपुरा, मारकुंडी में भी उसके खिलाफ मामले दर्ज हैं। बांदा जिले में मात्र दो मामले दर्ज हैं। मध्यप्रदेश क्षेत्र के नया गांव थाना और पन्ना जिले के अमनगंज थाने में एक-एक मामला दर्ज है।
डाकू गोप्पा का पैतृक गांव हर्रा थाना पहाड़ी क्षेत्र में आता है। उसने हत्या, डकैती और लूटपाट जैसी ज्यादातर वारदातों को इन्हीं इलाकों में अंजाम दिया था। इस कारण पहाड़ी थाने में डेढ़ दर्जन से अधिक मामले दर्ज हैं। बहिलपुरवा थाने में नौ मामले दर्ज हैं। रैपुरा थाने में उसके खिलाफ तीन मामले दर्ज हैं।
मानिकपुर थाने में एक, मऊ थाने में एक और मारकुंडी में दो मामले दर्ज हैं। कर्वी कोतवाली में भी दो मामले दर्ज हैं। इसके अलावा बांदा जिले के फतेहगंज और कालिंजर थाने में एक-एक मामला दर्ज है। मप्र क्षेत्र के नया गांव थाना और पन्ना जिले के अमानगंज थाने में एक-एक मामला दर्ज है।
पहाड़ी थाने में दर्ज हैं सबसे ज्यादा मामले
सतना और बांदा जिले के थानों में भी दर्ज हैं मामले