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Chitrakoot News: अमावस्या मेला कल, श्रद्धालुओं को कई समस्याओं से जूझना पडे़गा

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रामघाट की सीढि़यों के ऊपर फैली गंदगी व कींचड़। - फोटो : संवाद
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चित्रकूट/खोही। सावन की हरियाली अमावस्या 24 जुलाई को है। 15 लाख से अधिक श्रद्धालुओं के आने की संभावना है। इस बार धर्मनगरी में कई अव्यवस्थाएं हैं। रामघाट पर लगी स्ट्रीटलाइट खराब है। सड़कों की हालत खस्ता होने से जगह-जगह जलभराव है। मेला क्षेत्र की बिजली आपूर्ति भी लड़खड़ाई है। यदि समय रहते सुधार नहीं किया गया तो लाखों श्रद्धालु परेशान होंगे।
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दस दिन के अंदर दो बार मंदाकिनी में आई बाढ़ से रामघाट पर लगी स्ट्रीट लाइटें सहित अन्य बिजली के उपकरण, सीसीटीवी कैमरे खराब हो गए थे। आरती स्थल पर लगे उपकरण भी खराब हो गए। इसके अलावा भी रामघाट पर कई समस्याएं हैं। एमपी क्षेत्रों की सड़कों की हालत बहुत ही खराब है। चित्रकूट-जानकीकुंड रोड, हनुमान धारा रोड, रामघाट से कामतन मोहल्ला जाने वाली सड़क पर जगह-जगह गड्ढे हैं। इसमें बारिश का पानी भरा है।
पूर्व सभासद बुद्ध प्रकाश सिंह ने आरोप लगाया कि व्यवस्था के नाम पर कुछ नहीं किया जा रहा है। सबसे ज्यादा सड़कों की हालत खराब है। चित्रकूट-जानकीकुंड में अतिक्रमण अभियान चलाया गया था। आज तक रोड किनारे मलबा पड़ा है। नाला भी अधूरा है। बिजली की आपूर्ति के आने जाने का कोई समय निर्धारित नहीं है। बिजली की आपूर्ति बंद हो जाती है। अमावस्या मेला को देखते हुए बिजली की आपूर्ति 24 घंटे की जाए।
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डीएम शिवशरणप्पा ने बैठक कर अधिकारियों को निर्देश दिए कि रामघाट की स्ट्रीट लाइटें सही करा दी जाएं। धर्मनगरी के रामघाट सहित अन्य स्थानों की सफाई करा दी जाए। नगर पालिका के ईओ लालजी यादव ने बताया कि पूरे रामघाट की सफाई कार्य जारी है। अमावस्या तक इस काम को पूरा किया जाएगा।
इनसेट
कुछ ऐसा ही हाल तरौंहा में
चित्रकूट। शहर के तरौंहा स्थित प्राचीन शिव मंदिर तक श्रद्धालु पहुंच नहीं पा रहे हैं। रास्ते में जलभराव , अतिक्रमण व गडढों से भक्त परेशानहैं। स्थानीय रमेश कुमार, संतोष, मनीष व गुलाब आदि ने बताया कि कई बार एसडीएम को ज्ञापन देकर समस्या का समाधान कराने की मांग की लेकिन कोई काम नहीं हुआ है। सावन माह में मंदिर तक जाने के लिए श्रद्धालुओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। संवाद
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