पूर्व मध्य रेलवे महाप्रबंधक एके मित्तल ने कहा है कि डिजिटल कंट्रोल रूम से जहां ट्रेनें और बेहतर तरीके संचालित होंगी वहीं कर्मचारियों को मैनुअल काम करने में आने वाली बाधाएं भी दूर होंगी।
यह तकनीक रेल परिचालन में मील का पत्थर साबित होंगी। उन्होंने कहा कि आने वाली कई तकनीक रेल संचालन को और गति प्रदान करती रहेंगी।
यह बातें उन्होंने शनिवार को स्थानीय रेलवे स्टेशन पर डिजिटल कंट्रोल रूम का उद्धाटन करते समय कहीं। उन्होंने स्टेशन पर यात्री सुविधाओं का जायजा लेते हुए निरीक्षण भी किया।
जीएम एके मित्तल सासाराम स्टेशन का निरीक्षण कर शाम लगभग साढ़े छह बजे स्थानीय रेलवे स्टेशन पहुंचे थे। स्टेशन पर पहुंचते ही अधिकारियों ने उनका स्वागत किया।
जीएम ने एनटीपीसी द्वारा दी गई 20 व्हील चेयर स्टेशन प्रबंधक को सौंपी। इसके बाद जीएम ने मंडल लोको चिकित्सालय के कांफ्रेंस रूप का उद्घाटन करने के बाद डीआरएम कार्यालय में बने नये डिजिटल कंट्रोल रूम का उद्घाटन किया।
उन्होंने कर्मचारियों से कंट्रोल रूम की कार्यप्रणालियों के बारे में जानकारी ली और उन्हें पुरस्कृत भी किया। कहा कि डिजिटल कंट्रोल रूम से रेल परिचालन में गति आएगी और कर्मचारी सहूलियत से काम कर सकेेंगे।
इसके पश्चात डीआरएम कार्यालय मेंे रेल संबंधित पुस्तक का लोकार्पण करने के बाद परिसर में रेलकर्मचारियों के लिए नवनिर्मित कैंटीन का फीता काट उद्धाटन किया।
तालाब के सुन्दरीकरण के लिए श्रमदान करने वाले आरपीएफ कर्मियों को उन्होंने पुरस्कृत किया। निरीक्षण के दौरान मुख्य जनसंपर्क अधिकारी अरविंद कुमार रजक, मुख्य वाणिज्य प्रबंधक महबूब रब, मुख्य परिचालन प्रबंधक दीपक नाथ, सीएसओ हाजीपुर, सीएसटी हाजीपुर समेत
मंडल के डीआरएम विद्याभूषण, एडीआरएम मुकेश मेहरोत्रा, वरीय मंडल वाणिज्य प्रबंधक दयानंद, सीनियर डीओएम आधार राज समेत सभी शाखा अधिकारी, कर्मचारी उपस्थित रहे।
इसके पूर्व सुबह नौ बजे आरा स्टेशन से गरहनी स्टेशन पहुंचे और वहां स्टेशन का निरीक्षण करते हुए पीरो तक पड़ने वाले दो नये पुलों का निरीक्षण किया।
इस दौरान समपार फाटक नंबर 45 सी/टी के निरीक्षण में वहां कार्य प्रणाली से खुश जीएम ने गेटमैन मोहम्मद साजिद अंसारी को दो हजार रुपये नगद और प्रशस्ति पत्र प्रदान किया।