नौगढ़। स्थानीय विकास खंड के झुमरिया गांव स्थित प्राथमिक विद्यालय के जर्जर भवन की छत बुधवार की सुबह गिर गई। यह संयोग ही था कि छत देख रहे प्रधानपति और प्रधानाध्यापक बाल बाल बच गए। यही नहीं घटना के वक्त छात्र कक्षा के बाहर प्रार्थना कर रहे थे। मलबा गिरने के भय से छात्रों को कक्ष के बाहर ही पढ़ाया गया।
प्रधान पति जिलाजीत सिंह यादव ने बृहस्पतिवार से जर्जर भवन के कमरे में ताला लगाने व प्रधानाध्यापक को दूसरे कमरे में पढ़ाने को कहा, वहीं इस मामले की जानकारी बीईओ को भी मोबाइल पर दिया। बीईओ अवधेश नारायण ने पूरे प्रकरण में प्रधानाध्यापक से रिपोर्ट तलब की है। आपको बता दें कि कोरोना वायरस की दूसरी लहर के कारण 23 अगस्त से पूर्व माध्यमिक विद्यालय जबकि एक सितंबर से प्राथमिक विद्यालयों में पठन-पाठन शुरू हुआ। विभागीय सर्वे में नौगढ़ इलाके के करीब 12 भवन जर्जर हो चुके हैं। अब भी कई स्कूल के जर्जर भवनों में कक्षाएं चलाई जा रही है। बुधवार की सुबह करीब नौ बजे प्राथमिक विद्यालय झुमरिया के भवन की छत और बारजे को देखने के लिए ग्राम प्रधान अमदहां के प्रधानपति जिलाजीत सिंह यादव पहुंचे थे। जानकारी होने पर प्रधानाध्यापक श्याम सुंदर भी पहुंच गए। उसी दौरान जर्जर भवन के छत का एक हिस्से का प्लास्टर (मलबा) अचानक गिर गया। संयोग अच्छा रहा कि बच्चे उस समय प्रार्थना में शामिल होने गए थे। छत का प्लास्टर गिरने की खबर से खलबली मच गई। बड़ी संख्या में अभिभावक मौके पर जुट गए।