सरकारी कार्य में बाधा से शुरू हुआ विवाद
दुल्हीपुर चौकी प्रभारी संजय कुमार सिंह की ओर से दर्ज कराई गई तहरीर के अनुसार, एक अगस्त की शाम करीब 6:50 बजे चौकी पर तैनात कांस्टेबल बालकृष्ण यादव और महिला आरक्षी मोहित यादव सावन माह के दौरान मांस व मुर्गे की दुकानों पर नोटिस तामील कराने गए थे। इसी दौरान दुल्हीपुर निवासी प्रिंस सोनकर ने पुलिसकर्मियों के साथ सरकारी कार्य में बाधा डालते हुए हाथापाई शुरू कर दी।
घटना की सूचना मिलने पर चौकी प्रभारी संजय कुमार सिंह मौके पर पहुंचे और स्थिति संभालने का प्रयास किया। आरोप है कि प्रिंस सोनकर ने उनके साथ भी गाली-गलौज और हाथापाई शुरू कर दी। जब पुलिस उसे पकड़कर चौकी लाने लगी, तभी उसके परिवार के अन्य सदस्य और कुछ अन्य लोग भी मौके पर पहुंच गए।
वर्दी फाड़ी, नेम प्लेट तोड़ी, गला दबाने का आरोप
एफआईआर के अनुसार, प्रिंस सोनकर के भाई गौतम, अभिषेक, अमरजीत, छोटू, उसकी माता, बहन, पिता रमेश सोनकर तथा अन्य लोगों ने पुलिस टीम को घेर लिया। आरोप है कि चौकी प्रभारी पर सिर पर हमला करने का प्रयास किया गया, जिससे बचाव के दौरान उनकी आंख के पास चोट लग गई। वहीं कांस्टेबल बालकृष्ण यादव का गला दबाने की भी कोशिश की गई।
हमले के दौरान चौकी प्रभारी की सरकारी वर्दी फाड़ दी गई और उनकी नेम प्लेट तोड़ दी गई। घटना से मौके पर अफरा-तफरी मच गई। पुलिस का आरोप है कि जाते-जाते आरोपियों ने धमकी दी कि आज तो बच गए, यहां से ट्रांसफर कराकर चले जाना, नहीं तो जान से मार देंगे।
आठ नामजद, चार अज्ञात पर प्राथमिकी
पुलिस ने इस मामले में प्रिंस सोनकर, उसके भाई गौतम सोनकर, अभिषेक, अमरजीत, छोटू, प्रिंस की माता, बहन, रमेश सोनकर तथा चार अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा, मारपीट, जानलेवा हमला, धमकी और अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।
पुलिस टीम पर हमला करने के मामले में आठ नामजद और चार अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज किया गया है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार दबिश दे रही है और जल्द ही सभी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। - अरूण सिंह, सीओ, पीडीडीयू नगर