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सालभर में उखड़ गई 10.50 करोड़ से बनी सड़क

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चहनियां-सैदपुर क्षतिग्रस्त मार्ग। - फोटो : CHANDAULI
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चहनिया। सड़कों के निर्माण में मानकों की अनदेेखी, गुणवत्ता की कमी और ओवरलोड वाहनों के चलते सड़कें बदहाल है। पिछले साल चंदौली से सकलडीहा-चहनिया-सैदपुर मार्ग को लोक निर्माण विभाग ने लगभग 10.50 करोड़ की लागत से बनाया था। मगर 35 किलोमीटर लंबी सड़क सालभर भी नहीं चली और गड्ढों में तब्दील हो चुकी है। इन गड्ढों में आए दिन गाड़ियां फंस जाती हैं जिससे जाम लग जाता है। ऐसे में राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
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लोक निर्माण विभाग ने चहनिया से सकलडीहा-चंदौली तक के लगभग 18 किलोमीटर और करीब 17 किमी लंबे चहनिया से सैदपुर मार्ग की मरम्मत कराई गई थी। सबसे खराब हालत चहनिया से सकलडीहा मार्ग की है। इस पर जगरनाथपुर, सेमरा, मजिदहा, मारूफपुर आदि कई गांवों के पास कई गड्ढे बन गए हैं। इन गड्ढों को देखकर लगता है मानो यहां सड़क है ही नहीं। बरसात के दिनों में तो सड़क सरोवर में तब्दील हो जाती है। सड़क पर बने इन गड्ढों के कारण आए दिन दुर्घटना होती रहती है। वहीं गड्ढों में वाहनों के फंस जाने से अक्सर जाम भी लग जाता है और लोग जाम के झाम में फंसकर परेशान होते हैं। वहीं सड़क के किनारे नाली न बनाए जाने से घरों व नाबदान से निकला पानी भी बहता रहता है। इससे भी सड़क क्षतिग्रस्त होती जा रही है। इसके अलावा ओवरलोड वाहनों के दिन-रात चलने से भी सड़क क्षतिग्रस्त हो गई है। जनपद के अधिकारी सड़क पर बने इन गड्ढों को देखकर भी अनजान बने हुए हैं। यही हाल चहनिया से सैदपुर और सकलडीहा से चंदौली की है। इस संबंध में पीडब्ल्यूडी विभाग के एक्सईएन देवेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि 10.50 करोड़ की लागत से सड़क की मरम्मत कराई गई थी। ओवरलोड वाहनों के आवागमन से सड़क पर गड्ढे बन गए हैं। सड़क पर बने गड्ढों को भरने के लिए शासन से धन की मांग की गई है। धन मिलने के बाद मरम्मत कार्य करा दिया जाएगा।
चहनिया। क्षेत्रीय लोगों का कहना है कि सड़क पर आवेरलोड वाहनों के चलने और मानकों की अनदेेखी से गड्ढे में तब्दील हो चुकी है। क्षेत्र के रुद्रेश मिश्र ने कहा कि मानक के अनुसार सड़क नहीं बनाए जाने से इसपर कई जगह गड्ढे बन गए हैं। इससे आवागमन में लोगों को परेशानी उठानी पड़ रही है। डा. वासुदेव चौहान बताते हैं कि बरसात के दिनों में तो सड़क पर चलना जोखिमभरा हो जाता है। ओवरलोड वाहनों पर रोक नहीं लगने से समस्या बनी हुई है। रामबाबू अग्रहरि ने कहा कि जनपद के कई आलाधिकारी अक्सर इस रास्ते से गुजरते हैं लेकिन सड़कों पर बने गड्ढों पर मानों उनकी नजर ही नहीं जाती। गड्ढों के कारण आए दिन दुर्घटना होती रहती है। संतोष सिंह ने कहा कि सड़क के किनारे नाली बना दिए जाने से समस्या का काफी हद तक समाधान हो जाता। चघरों के नाबदान का पानी सड़क पर बहने से सड़क समय से पूर्व क्षतिग्रस्त हो जा रही है।
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