यूपी के बरेली में अलीगंज थाना क्षेत्र के खटेटा गांव के मदरसे को मस्जिद बताते हुए मौलाना मो. शफी की ओर से चिपकाए गए जिन पोस्टरों के कारण शुक्रवार को गांव में सांप्रदायिक तनाव फैला वही पोस्टर और फ्लैक्सी सिरौली थाना क्षेत्र के दो गांवों में भी लगे मिले।
इन्हें बरामद कर धार्मिक उन्माद फैलाने के मामले में आईपीसी की धारा 153 ए के तहत बड़ेगांव चौकी इंचार्ज ऋषिपाल सिंह की ओर से मो. शफी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया गया। इस बीच मौलाना अपना मोबाइल बंद कर भूमिगत हो गए हैं। पुलिस के अनुसार उनके बरेली शहर में किसी धर्मस्थल में छुपे होने का अंदेशा है।
इसी बीच अलीगंज पुलिस ने खटेटा गांव में ईद से पहले ही मुचलके पर पाबंद मौलाना शफी के राजपुर कलां गांव स्थित निवास के दरवाजे पर एक लाख रुपये की वसूली का नोटिस मंगलवार को चस्पा कर दिया।
'मौलाना की वजह से सांप्रदायिक सौहार्द का खतरा'
एसपीआरए बृजेश श्रीवास्तव ने बताया कि अभी तक मामला सिर्फ खटेटा गांव का था। वहीं पर स्थित मदरसे को मस्जिद बताते हुए मो. शफी को ओर से जुमे की नमाज एक बजे होने, उसमें सभी के शामिल होने और मस्जिद निर्माण के लिए चंदा देने आदि बातों का उल्लेख वाला पोस्टर-बैनर चस्पा करवाने की बात सामने आई थी।
मौलाना की वजह से दूसरे थाना क्षेत्र के गांवों में भी सांप्रदायिक सौहार्द को खतरा होने और उन्माद भड़कने का अंदेशा उपजा तो तत्काल विधिक कार्रवाई की गई। सिरौली थाना क्षेत्र के बडे़गांव चौकी के इलाके में आने वाले गांव गुरगांवां में मुमताज और ग्राम पिपरिया उकटाला में मो. हनीफ के दरवाजे पर वही पोस्टर-फ्लैक्सी चस्पा मिले।
उन्हें जब्त कर लिया गया है। उनमें खटेटा के मदरसा का गुलशन मुस्तफा मस्जिद के रूप में जिक्र किया गया है। इसमें भी रजा एक्शन कमेटी जिंदाबाद और मौलाना अदनान रजा खां जिंदाबाद आदि लिखा है।
नामजद आरोपियों का सुराग नहीं, गांव में पसरा सन्नाटा
अलीगंज के खटेटा गांव में तोड़फोड़ के आरोपितों की तलाश में जारी दबिश और मौलाना को भी कानूनी कार्रवाई के दायरे में लाने के बाद सन्नाटा और गहरा गया है। दर्ज एफआईआर में नामजद 14 आरोपियों में से एक का भी सुराग नहीं मिला है।
इनके रिश्तेदारी में पहुंची पुलिस टीमें भी खाली हाथ लौटी हैं। इनमें से मुख्य आरोपी पप्पू फालोअर, रमेश आदि की धरपकड़ पर पूरा जोर है।
एडीएम प्रशासन अरुण कुमार और एसपीआरए बृजेश श्रीवास्तव के अनुसार, नामजद आरोपियों के खिलाफ कोर्ट से गैर जमानती वारंट भी जारी कराने की तैयारी है।