बुलंदशहर। हरिद्वार, गोमुख और गढ़ के अलावा जिले के गंगा घाटों से शिवभक्त गंगा जल लेकर पहुंच गए। शिवरात्रि शनिवार को धूमधाम से मनाई जाएगी। इसके मद्देनजर जिले के मंदिरों और शिवालयों को बखूबी सजाया गया है। जलाभिषेक के लिए करीब 300 मंदिरों में सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। मंदिरों में भक्तों की लाइन के लिए बैरिकेडिंग और पुलिस की व्यवस्था की गई है। जलाभिषेक शुक्रवार की रात 12 बजे से शुरू हो गया। शनिवार को पूरे दिन शुभ मुहूर्त रहेगा।
राज राजेश्वर मंदिर, साठा देवी मंदिर, सिद्धेश्वर मंदिर, भूतेश्वर मंदिर, हनुमान मंदिर, शीतलगंज स्थित शिवालय मंदिर, पंचशील कालोनी स्थित मंदिर, गौरीशंकर मंदिर, कालेश्वर मंदिर, आवास विकास प्रथम स्थित शिव मंदिर, टीचर्स काॅलोनी स्थित शिव शक्ति मंदिर और महाकाली मंदिर समेत अन्य शिवालयों में जलाभिषेक होगा। वहीं, गंगेरूआ स्थित श्री द्वादश महालिंगेश्वर सिद्धमहापीठ पर भी जलाभिषेक किया जाएगा। अहार क्षेत्र के ऐतिहासिक अंबकेश्वर महादेव मंदिर के अलावा शिकारपुर क्षेत्र के बरासऊ स्थित जिले भर के 300 से अधिक मंदिरों में जलाभिषेक होगा। इसी तरह अनूपशहर क्षेत्र के अति संवेदनशील गांव मलकपुर स्थित ढाकेश्वर महादेव, भृगुक्षेत्र आश्रम व शिवशक्ति आश्रम स्थित भृगीश्श्वर महादेव व अनूपेश्वर महादेव, नर्वदेश्वर महादेव, पंचमुखी महादेव, लाल महादेव आदि शिवालयों में भी जलाभिषेक व रुद्राभिषेक होगा।
गंगाजल, दूध, दही से करें जलाभिषेक
पंडित अंकुर शर्मा ने बताया कि जलाभिषेक शुक्रवार की रात 12 बजे से शुरू हो गया। शिवरात्रि का व्रत रखने वाले श्रद्धालुओं के लिए शनिवार पूरे दिन जलाभिषेक करने का शुभ मुहूर्त है। उन्होंने बताया कि गंगाजल, दूध, दही, शहद, पुष्प आदि से भगवान शिवशंकर का अभिषेक किया जाए। धूप दीप के साथ ही बेलपत्र, भांग, धतूरा, बैर, चौलाई के लड्डू का प्रसाद शिवलिंग पर चढ़ाना चाहिए। भगवान शिव के साथ ही शिव परिवार की पूजा भी करनी चाहिए।
डीएम एसएसपी ने किया कांवड़ मार्ग का निरीक्षण
महाशिवरात्रि में मद्देनजर सोमवार को डीएम सीपी सिंह ने एसएसपी श्लोक कुमार के साथ कांवड़ और शिवालय मार्ग का निरीक्षण किया। मंदिरों यहां आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा का हाल जाना। मंदिर में लगे सीसीटीवी कैमरे चेक किए। यहां मौजूद पुलिस अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए। स्पष्ट कहा कि जलाभिषेक के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा में कोई लापरवाही नहीं होने चाहिए। मेले में संदिग्धों पर नजर रखी जाए।
मंदिर मार्ग पर युवाओं ने किया श्रमदान
अहार। क्षेत्र के ऐतिहासिक अम्बकेश्वर महादेव मंदिर परिसर में मेला लग गया है। मंदिर को झालरों और फूल मालाओं से सजाया गया है। सभी तैयारियां पूरी कर ली गई है। श्रद्धालुओं के आने का सिलसिला शुरू हो गया है। गांव चासी स्कूल परिसर में कांवड़ सेवा शिविर में शिव भक्तों की भीड़ लग गई है। गांव दरावर की सेवा समिति के तत्वावधान में कुटी में शिविर लगाया गया है। वहीं, गांव औरंगाबाद ताहारपुर के युवाओं ने श्रमदान करके मंदिर मार्ग की साफ-सफाई की है। इस कच्चे रास्ते से कांवड़िये जल्दी मंदिर के मुख्य द्वार पर पहुंच सकेंगे।