बुलंदशहर। दो काॅलोनियों में लोगों को निर्बाध पेयजल सप्लाई देने के लिए अप्रैल माह में काम शुरू किया जाएगा। करीब 20 करोड़ की लागत से पेयजल लाइन बिछाने और ट्यूबवेल लगाने का कार्य एक साल में पूरा करना होगा।
केंद्र सरकार ने जल जीवन मिशन योजना के तहत लोगों को निर्बाध पेयजल सप्लाई देने के लिए पायलट प्रोजेक्ट शुरू किया है। योजना के तहत बुलंदशहर की यमुनापुरम कॉलोनी और खुर्जा क्षेत्र को चिन्हित किया गया है। चिन्हित किए गए क्षेत्र में जल निगम की ओर से पेयजल लाइन बिछाने, ओवरहेड टैंक बिछाने और लोगों के घरों पर पेयजल सप्लाई की निगरानी के लिए मीटर लगाए जाएंगे। इसके लिए सरकार के निर्देश पर जल निगम के अधिकारियों ने टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि मेरठ मंडल के सभी जिलों के टेंडर एक साथ किए जा रहे हैं। जिसके चलते अप्रैल माह तक टेंडर प्रक्रिया पूरी हो पाएगी। सरकार की मंशा है कि लोगों को निर्बाध पेयजल सप्लाई के लिए यह देखा जाए कि कितने 24 घंटे में प्रत्येक घर को कितनी मात्रा में पानी की आवश्यकता होती है। भविष्य में योजना के तहत पूरे शहर को ही निर्बाध पेयजल सप्लाई देने की ओर कदम उठाए जाएंगे।
रुकेगी पानी की बर्बादी
योजना के तहत पानी के ओवरहेड टैंक पर मीटर लगाए जाएंगे। इससे देखा जाएगा कि टैंक से कितने पानी की निकासी हुई है। इसके बाद उपभोक्ताओं के घरों पर लगाए जाने वाले मीटर की जांच करते हुए टैंक से निकासी और उपभोक्ताओं के घरों में पहुंच का मिलान किया जाएगा। सरकार के इस कदम से पानी की बर्बादी भी रुकेगी।
योजना के तहत मंडल स्तर पर टेंडर की प्रक्रिया चल रही है। अप्रैल तक इसके लिए टेंडर प्रक्रिया पूरी हो जाएगी और फिर काम शुरू कराया जाएगा। एक वर्ष में काम पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। - दर्शन सिंह, एई, जल निगम