बुलंदशहर। कल्याण सिंह राजकीय मेडिकल कॉलेज में फैकल्टी के स्वीकृत 85 पदों में से मात्र 44 पर ही नियुक्ति हो पाई है। राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग (एनएमसी) के निरीक्षण के दौरान इस पर चिंता जताई गई थी। इसी वजह से मेडिकल कॉलेज की मान्यता अधर में लटकी है।
बुलंदशहर में वर्ष 2019 में स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय (मेडिकल कॉलेज) बनाने की घोषणा की गई थी। करीब 269 करोड़ की लागत से इसका निर्माण चल रहा है। पहले फैकल्टी के 53 पद स्वीकृत थे, बाद में फैकल्टी की संख्या 85 कर दी गई। इनमें 44 पदों पर ही नियुक्ति हो पाई है, शेष पद खाली हैं।
कॉलेज में 100 सीटों पर होना है प्रवेश
अगर मेडिकल कॉलेज शुरु होता है तो कॉलेज में पहले साल 100 छात्र एमबीबीएस की पढ़ाई करेंगे। प्रथम वर्ष में फिजियोलॉजी, एनाटॉमी, बायोकेमिस्ट्री की पढ़ाई होती है। इन सभी के लेक्चर रूम तैयार हैं।
फैकल्टी की कमी के चलते मान्यता नहीं मिल सकी। फैकल्टी के पद को भरने के लिए साक्षात्कार शुरु कर दिए हैं। इसके बाद शैक्षिक सत्र संचालन के संबंध में अपील की जाएगी। - डॉ. मनीषा जिंदल, प्रधानाचार्य कल्याण सिंह राजकीय मेडिकल कॉलेज