अब मंत्र एप से बचेगी जच्चा-बच्चा की जान
बुलंदशहर। मातृ एवं शिशु मृत्यु दर को कम करने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने मां-नवजात ट्रैकिंग एप मंत्र लांच किया है। बुलंदशहर जनपद में 73 डिलीवरी सेंटर एप से जुड़कर डिजिटल हो जाएंगे। स्टाफ नर्स को भर्ती गर्भवती का समय, उसकी स्थिति, उपचार व प्रसूता को रेफर करने या न करने का करण सहित अन्य सभी जानकारी एप पर देनी होगी। इसकी ऑनलाइन निगरानी होगी। इससे संस्थागत प्रसव की गुणवत्ता में सुधार होगा।
जिला अस्पताल, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र समेत 73 प्रसव केंद्रों का डिजिटलाजेेशन किया जाएगा। प्रसव केंद्रों को मां-नवजात ट्रैकिंग एप से जोड़ा जाएगा। एप से प्रत्येक प्रसव केंद्र पर हुए प्रसव, गर्भवती की तत्काल सेहत की स्थिति, केंद्र पर मिले इलाज का वितरण देखकर उस समय हुई लापरवाही पकड़ी जा सकेगी। इसके लिए संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रसव के दौरान गर्भवती को अगर कोई परेशानी होती है तो उसे मंत्र एप में भरकर महिला को जिला चिकित्सालय भेजा जाएगा। प्रसव के बाद नवजात की भी निगरानी की जाएगी। अगर बच्चे को स्वास्थ्य संबंधी कोई परेशानी होगी तो उसे भी उच्च स्वास्थ्य इकाइयों पर भी भेजा जाएगा। ताकि उसे अच्छा इलाज मिल सके।
ऐसे काम करेगा एप
जिले में 73 डिलीवरी सेंटर एप से जुड़कर डिजिटल हो जाएंगे। महिला के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर आने पर सबसे पहले इस एप के माध्यम से गर्भवती और नवजात का स्वास्थ्य संबंधी सभी डाटा ऑनलाइन भरा जाएगा। इसके साथ ही अन्य जरूरी जानकारी भी इसी एप में भरी जाएंगी।
जिले के सभी प्रसव केंद्र डिजिटल होंगे। ऑनलाइन निगरानी से संस्थागत प्रसव की गुणवत्ता में सुधार देखने को मिलेगा। - डॉ. विनय कुमार, मुख्य चिकित्सा अधिकारी।