बुलंदशहर। नगर की सब्जी-अनाज मंडी को लोकसभा चुनाव के चलते 23 से 26 अप्रैल तक बंद रखने का निर्देश जारी कर दिया गया है। आढ़तियों का कहना है कि चार दिन मंडी बंद होने से किसानों और आढ़तियों को करोड़ों का नुकसान होगा। आढ़तियों का आरोप है कि अभी तक जिला प्रशासन ने मंडी संचालन के लिए वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की है। इससे उनमें रोष है।
अनाज मंडी बुलंदशहर में लोकसभा चुनाव की ईवीएम रखने के लिए स्ट्रांग रूम बनाया गया है। यहां पर कड़ी सुरक्षा है और पुलिस के बाद सुरक्षाबल भी तैनात हो गया है। वहीं, लोकसभा चुनाव का मतदान 26 अप्रैल को होना है। इससे पहले दिन पोलिंग पार्टियाें को बूथ पर पहुंचना होगा। जाे यहां से ही रवाना की जाएंगी। ऐसे में जिला प्रशासन की ओर से 23 से 26 अप्रैल तक अनाज व सब्जी मंडी को बंद रखने का नोटिस जारी कर दिया है। वहीं, दूसरी ओर अनाज मंडी और सब्जी मंडी के 300 से अधिक आढ़तियों का कहना है कि चार दिन मंडी बंद रहने से करोड़ों का नुकसान होगा। ऐसा होने पर किसान अपनी फसल नहीं बेच सकेंगे। जबकि सब्जी व फल की बिक्री भी प्रभावित होने से किसानों और आढ़तियों को आर्थिक नुकसान उठाने के साथ परेशानी का सामना करना पड़ेगा।
जिला प्रशासन ने सब्जी व फल बेचने के लिए किसी दूसरे स्थान पर वैक्लिपक व्यवस्था नहीं की है। इसे लेकर आढ़तियों में रोष है। उधर फल सब्जी मंडी आढ़ती वेलफेयर ऐसोसिएशन बुलंदशहर के अध्यख खुशीराम लोधी ने बताया कि उन्होंने जिला प्रशासन से मंडी को 25 और 26 अप्रैल को बंद कराने का अनुरोध किया है। साथ ही फल व सब्जी बेचने के लिए वैक्लिपक व्यवस्था की मांग की है। चार दिन मंडी बंद रहने से किसानों के साथ आढ़तियों को काफी नुकसान होगा।
फल व सब्जी की बन सकती है कमी
यदि चार दिन मंडी बंद रही तो ऐसे में फल व सब्जी की कमी बन सकती है। आढ़तियों का कहना है कि यदि वैक्लिपक व्यवस्था नहीं हुई तो यह समस्या बनेगी। साथ ही लोगों को पर्याप्त सब्जी व फल नहीं मिल सकेंगे। साथ ही इनकी कमी होने पर लोगों को खरीदने पर अधिक राशि भी देनी पड़ सकती है। आढ़तियों ने मंडी को दो दिन बंद रखने और वैक्लिपक व्यवस्था करने की मांग जिला प्रशासन से की है।
अनाज व सब्जी मंडी को 23 से 26 अप्रैल तक बंद रखने के निर्देश प्राप्त हो गए हैं। इस निर्देश का पालन करते हुए इससे सभी आढ़तियों को अवगत करा दिया गया है। इस आदेश का सभी आढ़तियों का पालन करने के साथ मंडी समिति का सहयोग करना आवश्यक है। - मदनमोहन सिंह, प्रभारी सचिव मंडी