फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bulandshahar News: दिल्ली हेड कांस्टेबल और सहायक अध्यापिका पर शादी के नाम पर ठगी का आरोप

विज्ञापन
विज्ञापन
छतारी। थाना क्षेत्र निवासी हेड कांस्टेबल और प्राथमिक विद्यालय की सहायक अध्यापिका पर शादी के नाम पर धोखाधड़ी करने में रिपोर्ट दर्ज हुई। बुलंदशहर निवासी शिकायतकर्ता ने बेटी से दूसरी शादी करने के नाम पर ठगी का आरोप लगाया। साथ ही छतारी के जीनियस पब्लिक स्कूल के प्रधानाचार्य और बाबुओं पर कांस्टेबल के बच्चों के शैक्षिक दस्तावेज में जन्मतिथि और नाम बदलने का भी आरोप है।
विज्ञापन



बुलंदशहर कोतवाली देहात थाना स्थित के जैनपुर गांव निवासी मुरलीधर शर्मा ने डिबाई क्षेत्राधिकारी को शिकायत देते हुए बताया कि उन्होंने अपनी बेटी राधिका शर्मा की शादी 23 जून 2018 को गुलावठी के उस्तरा गांव निवासी अनुपम शर्मा के साथ की थी। अनुपम शर्मा दिल्ली पुलिस के कम्युनिकेशन विभाग में हेड कांस्टेबल पद पर कार्यरत हैं। वर्ष 2023 में पीड़ित को जानकारी मिली कि अनुपम शर्मा पहले से शादीशुदा है, जिसकी शादी वरुणा चौधरी से हुई थी।

आरोप है की अनुपम शर्मा ने उनकी बेटी से दहेज के नाम पर रुपये ऐंठने के लिए शादी की थी। उसकी जानकारी पहली पत्नी वरुणा को थी। दोनों ने मिलकर धोखाधड़ी के लिए यह षड्यंत्र रचा था। आरोप है कि अनुपम और वरुणा के दो बच्चे हैं, जो जीनियस पब्लिक स्कूल में पढ़ते हैं। जहां पर वरुणा ने फर्जी तरीके से दोनों बच्चों की जन्मतिथि बदलवाकर कम कराई और अपना नाम वरुणा चौधरी से वरुणा शर्मा कर लिया।
विज्ञापन


इस संबंध में पीड़ित ने बेसिक शिक्षा अधिकारी से भी शिकायत की, लेकिन उनकी ओर से कोई विशेष कार्रवाई नहीं की गई। जब पीड़ित ने स्कूल प्रबंधन से इस विषय में शिकायत की तो उन्होंने उल्टा पीड़ित को ही धमका दिया, जिससे प्रतीत होता है स्कूल प्रधानाचार्य और बाबुओं की मिलीभगत से दस्तावेजों में जन्मतिथि और नाम का बदलाव किया गया।

सीओ डिबाई मधुप सिंह ने बताया कि मामले में तहरीर के आधार पर अनुपम शर्मा, वरुणा चौधरी, जीनियस पब्लिक स्कूल के प्रधानाचार्य और बाबुओं पर रिपोर्ट दर्ज की गई है। मामले में पुलिस टीम अपने स्तर से पूछताछ और जांच कर रही है।



वहीं मामले में जीनियस पब्लिक स्कूल के प्रधानाचार्य अविनाश कुमार मिश्रा का कहना है कि हमारी तरफ से किसी भी शैक्षिक प्रमाण पत्र या रिकॉर्ड में जन्मतिथि व नाम का बदलाव नहीं किया गया। अभिभावकों की ओर से जो दस्तावेज दिए गए थे उन्हीं के आधार पर जन्मतिथि दर्ज है। जन्मतिथि व नाम बदलने और अभद्रता के आरोप गलत हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें