ससुर ने बेरहमी से पीट-पीटकर गर्भवती बहू की हत्या कर दी। फिर शव को गांव के बाहर बिटौरे में रखकर जला दिया। सुबह ग्रामीणों ने बिटौरे में मानव खोपड़ी और रास्ते में खून देखकर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने आरोपी को पकड़कर पूछताछ की तो उसने जुर्म कबूल कर लिया। उसे गिरफ्तार कर लिया गया है। वारदात के समय परिवार के लोग घर पर नहीं थे।
मौलाबाद गांव के चौकीदारी मान सिंह ने बुधवार सुबह 7.30 बजे पुलिस को सूचना दी कि गांव के बाहर जले हुए बिटौरे में मानव खोपड़ी और हड्डियां पड़ी हैं। रास्ते में खून बिखरा पड़ा है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने देखा कि घटनास्थल से खून गांव निवासी राजवीर पुत्र बुद्धन के घर तक गिरा है।
संदेह के आधार पर पुलिस ने राजवीर और उसकी पत्नी चंद्रो को हिरासत में ले लिया। सख्ती से पूछताछ में राजवीर ने बताया कि मंगलवार रात में उसने अपने बड़े बेटे इंद्रजीत की पत्नी वैशाली की सिर में डंडा मारकर हत्या कर दी।
शव को ठिकाने लगाने के लिए बोरे में डालकर साइकिल पर रखकर गांव के बाहर बिटौरे में जला दिया। राजवीर ने बताया कि घटना के समय परिवार के लोग गांव में शादी समारोह में गए हुए थे। पुलिस ने चौकीदार मान सिंह की तहरीर पर राजवीर व अन्य के खिलाफ रिपार्ट दर्ज कर ली।
पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त डंडा व साइकिल बरामद कर मानव खोपड़ी को डीएनए टेस्ट के लिए भेज दिया है। आरोपी राजवीर के सात बेटे हैं। इंद्रजीत मुकेश, जोनी, लाला, आकाश, सूरज, शनी में इंद्रजीत सबसे बड़ा है। इंद्रजीत, मुकेश, जोनी, लाला नोएडा में नौकरी करते हैं। जबकि आकाश, सूरज, शनी राजवीर संग गांव में ही रहते हैं।