प्रसूता की मौत, अस्पताल के बाहर शव रख दिया धरना
सिकंदराबाद। कोतवाली के औद्योगिक क्षेत्र स्थित न्यूटिमा हॉस्पिटल एंड ट्रामा सेंटर के बाहर मंगलवार सुबह गांव तिलडेरी निवासी ग्रामीणों ने एक महिला का शव रखकर धरना प्रदर्शन किया। बताया गया कि महिला को करीब एक माह पूर्व अस्पताल में प्रसव के लिए भर्ती कराया था। प्रसव के बाद महिला की हालत बिगड़ गई और उसे हायर मेडिकल सेंटर रेफर कर दिया गया। सोमवार देर रात उसकी मौत हो गई।
औद्योगिक क्षेत्र के गांव तिलडेरी निवासी राहुल ने बताया कि 21 जनवरी को उसने अपनी पत्नी प्रीति कुमारी (24)को औद्योगिक क्षेत्र की सरकारी कालोनी स्थित न्यूटिमा हॉस्पिटल एंड ट्रामा सेंटर में प्रसव के लिए भर्ती कराया था। 22 जनवरी की सुबह पत्नी ने नार्मल डिलीवरी से बेटे को जन्म दिया। चिकित्सकों की लापरवाही के कारण कुछ समय बाद पत्नी की हालत बिगड़ गई। हालत गंभीर होने पर हायर मेडिकल सेंटर रेफर कर दिया। इसके बाद उसने नोएडा में भर्ती कराया। सोमवार रात 2.30 बजे उसकी मृत्यु हो गई। सोमवार सुबह 9.30 बजे परिजन, ग्रामीणों के साथ शव को लेकर सरकारी कालोनी स्थित न्यूटिमा अस्पताल पर पहुंचे। अस्पताल प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कार्रवाई, मुआवजे और अधिकारियों को मौके पर बुलाने की मांग को लेकर अड़ गए।
पुलिस के पहुंचने पर भी अस्पताल पर कार्रवाई करने, मुआवजा देने, अधिकारियों को मौके पर बुलाने की मांग पर अड़े रहे। इस दौरान ग्रामीणों ने हंगामा भी किया। सूचना पर तहसीलदार संजय कुमार सिंह, कोतवाल जितेंद्र कुमार सिंह मौके पर पहुंचे। अफसरों ने कार्रवाई करने और नियमानुसार मुआवजा दिलाने का आश्वासन दिया। जिसके बाद दोपहर एक बजे परिजनों ने धरना समाप्त किया और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
पत्नी के उपचार के लिए गिरवी रख दिया घर
राहुल ने पत्नी प्रीति के उपचार के लिए अपना घर तक गिरवी रख दिया। प्रीति की मौत से उसके परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। परिवार के लोगों का रो-रोककर बुरा हाल है। राहुल ने बताया कि वह दिहाड़ी मजदूर है। उपचार के लिए पत्नी को नोएडा के निजी अस्पताल में भर्ती कराया था। उपचार के लंबा चलने के कारण आर्थिक हालत खराब हो गई। पत्नी के उपचार के लिए उसने अपने घर को भी गिरवी रख दिया। उसके बाद भी वह पत्नी की जान नहीं बचा सका।
शव के पास बैठे मासूम मां की मौत से थे बेखबर
शव के पास विलाप कर रहे परिजनों को देख प्रीति के बच्चे कभी रो देते तो कभी खेल में लग जाते थे। प्रीति की पांच साल की बेटी रेसी, दो साल की बेटी प्रियांशी और एक माह का बेटा है, जिसका अभी नामकरण भी नहीं हो सका है। दोनों बेटियां मां के शव के पास रिश्तेदारों की गोद में बैठी हुई थीं। वही एक रिश्तेदार महिला की गोद में एक माह का मासूम बेटा था।
पुलिस, स्वास्थ्य विभाग पर कार्रवाई नहीं करने का आरोप
राहुल ने बताया कि अस्पताल प्रशासन के गलत उपचार के कारण पत्नी की हालत बिगड़ने पर उन्होंने पुलिस और स्वास्थ्य विभाग से शिकायत की थी। पुलिस, स्वास्थ्य विभाग ने उसकी शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं की।
चिकित्सक पर भी धमकाने का लगाया आरोप
परिजनों को आरोप है कि जब राहुल ने पत्नी प्रीति की हालत बिगड़ने पर अस्पताल प्रशासन से शिकायत की तो गलती मानने के बजाय उल्टे उसे धमकी दी।
स्वास्थ्य विभाग ने अस्पताल पर लगाई सील
एसीएमओ डा. एके भंडारी ने बताया कि न्यूटिमा अस्पताल को सील कर दिया गया है। अस्थाई रूप से अस्पताल का रजिस्ट्रेशन भी निरस्त कर दिया गया है। मृतका के परिजनों की ओर से कोई लिखित शिकायत नहीं मिली है। शिकायत मिलने पर चिकित्सक को नोटिस जारी कर बयान के लिए बुलाया जाएगा। अनियमितता मिलने पर सिकंदराबाद के आशीष अस्पताल और कृष्ण पैथोलॉजी लैब को भी सील कर इनके संचालकों को नोटिस जारी किया गया है।
कोट
पीड़ित पति की तहरीर पर अस्पताल संचालक और स्टाफ के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। - सुरेंद्र नाथ तिवारी, एसपी सिटी